latest-newsउदयपुरराजनीतिराजस्थान

गोगामेड़ी हत्याकांड पर करणी सेना का आंदोलन, 29 मार्च को जयपुर में महापड़ाव

गोगामेड़ी हत्याकांड पर करणी सेना का आंदोलन, 29 मार्च को जयपुर में महापड़ाव

जयपुर में हुए सुखदेव सिंह गोगामेड़ी हत्याकांड को लेकर श्री राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना ने राज्य सरकार के खिलाफ आंदोलन तेज करने का ऐलान किया है। संगठन ने 29 मार्च को जयपुर में मुख्यमंत्री आवास का घेराव करते हुए महापड़ाव करने की घोषणा की है। करणी सेना का कहना है कि इस हत्याकांड में अब तक न्याय नहीं मिल पाया है और सरकार द्वारा की गई कार्रवाई संतोषजनक नहीं है। संगठन के पदाधिकारियों का आरोप है कि घटना के बाद सरकार ने जल्द न्याय दिलाने का आश्वासन दिया था, लेकिन अब तक आरोपियों के खिलाफ पूरी तरह से सख्त कार्रवाई नहीं की गई है। इसी कारण संगठन ने आंदोलन को तेज करने का निर्णय लिया है।

उदयपुर में प्रेस वार्ता कर दी आंदोलन की जानकारी

इस पूरे मामले को लेकर उदयपुर में एक प्रेस वार्ता आयोजित की गई, जिसमें संगठन के पदाधिकारियों ने आंदोलन की रूपरेखा सार्वजनिक की। करणी सेना की कार्यकारी अध्यक्ष शिला सुखदेव सिंह गोगामेड़ी ने प्रेस वार्ता के दौरान कहा कि राजस्थान सरकार ने इस हत्याकांड में शीघ्र न्याय दिलाने का वादा किया था, लेकिन अब तक उस दिशा में अपेक्षित प्रगति नहीं दिखाई दी है।

उन्होंने कहा कि जिन आरोपियों पर हत्या का आरोप है, उन्हें पूरी तरह कानून के शिकंजे में नहीं लाया जा सका है। इस कारण पीड़ित परिवार और राजपूत समाज में लगातार असंतोष बढ़ रहा है।

आरोपियों के खुले घूमने का लगाया आरोप

शिला गोगामेड़ी ने आरोप लगाया कि मामले में ढुलमुल रवैया अपनाए जाने के कारण कई बदमाश अब भी खुले घूम रहे हैं। उन्होंने कहा कि संगठन से जुड़े लोगों और पीड़ित परिवार को लगातार जान से मारने की धमकियां भी मिल रही हैं। उनके अनुसार इस स्थिति ने करणी सेना और राजपूत समाज में गहरा आक्रोश पैदा कर दिया है। उन्होंने कहा कि यदि सरकार जल्द और ठोस कार्रवाई नहीं करती है तो संगठन अपने आंदोलन को और अधिक व्यापक रूप देने के लिए मजबूर होगा।

29 मार्च को जयपुर में होगा महापड़ाव

करणी सेना ने स्पष्ट किया है कि 29 मार्च को जयपुर में मुख्यमंत्री आवास के बाहर महापड़ाव किया जाएगा। इस कार्यक्रम में राजस्थान के विभिन्न जिलों के साथ-साथ अन्य राज्यों से भी बड़ी संख्या में लोग शामिल होंगे। शिला गोगामेड़ी ने कहा कि यह आंदोलन केवल एक व्यक्ति के लिए नहीं बल्कि न्याय और कानून व्यवस्था के मुद्दे को लेकर किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि संगठन चाहता है कि इस मामले में दोषियों के खिलाफ जल्द और कड़ी कार्रवाई की जाए।

मांगें नहीं मानी गईं तो इच्छा मृत्यु की चेतावनी

प्रेस वार्ता के दौरान शिला गोगामेड़ी ने एक बड़ा बयान देते हुए कहा कि यदि जयपुर में होने वाले महापड़ाव के बाद भी सरकार उनकी मांगों को नहीं मानती है, तो वे सरकार से इच्छा मृत्यु की मांग करेंगी। उनके इस बयान को आंदोलन के अगले चरण की चेतावनी के रूप में देखा जा रहा है। उन्होंने कहा कि संगठन न्याय के लिए हर संभव लोकतांत्रिक तरीका अपनाएगा, लेकिन यदि सरकार लगातार अनदेखी करती रही तो आंदोलन और भी तेज किया जाएगा।

पंचायत चुनाव को लेकर भी दी चेतावनी

करणी सेना के राष्ट्रीय महामंत्री योगेंद्र सिंह कटार ने भी इस मामले में सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि यदि सरकार ने जल्द न्याय सुनिश्चित नहीं किया तो इसका राजनीतिक असर भी देखने को मिल सकता है। उन्होंने कहा कि आने वाले राजस्थान पंचायत चुनाव में यह मुद्दा प्रमुख रूप से उठाया जाएगा। उनके अनुसार यदि सरकार इस मामले में न्याय दिलाने में विफल रहती है तो इसका प्रभाव चुनावी माहौल पर भी पड़ सकता है।

जांच को लेकर उठाई नई मांग

योगेंद्र सिंह कटार ने यह भी कहा कि संगठन ने इस मामले की जांच को लेकर एक नई मांग रखी है। उन्होंने कहा कि करणी सेना चाहती है कि इस मामले की जांच किसी बाहरी एजेंसी के बजाय राजस्थान पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी और पुलिस मुखिया दिनेश एम एन की निगरानी में कराई जाए।

उनका कहना है कि इससे जांच प्रक्रिया में तेजी आएगी और दोषियों को जल्द सजा दिलाने में मदद मिलेगी। संगठन का मानना है कि इस मामले में पारदर्शी और तेज जांच बेहद जरूरी है।

5 दिसंबर 2023 को हुई थी हत्या

उल्लेखनीय है कि 5 दिसंबर 2023 को जयपुर में करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुखदेव सिंह गोगामेड़ी की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस घटना के बाद जयपुर सहित प्रदेश के कई शहरों में विरोध प्रदर्शन हुए थे और कई स्थानों पर शहर बंद भी रखा गया था।

इस घटना ने प्रदेश की कानून व्यवस्था और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी गंभीर सवाल खड़े किए थे। उस समय सरकार की ओर से मामले की जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का भरोसा दिलाया गया था।

आंदोलन से बढ़ सकता है राजनीतिक दबाव

अब एक बार फिर इस मामले को लेकर करणी सेना ने बड़ा आंदोलन करने की घोषणा की है। 29 मार्च को जयपुर में प्रस्तावित महापड़ाव को लेकर संगठन ने व्यापक तैयारी शुरू कर दी है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यदि बड़ी संख्या में लोग इस आंदोलन में शामिल होते हैं तो सरकार पर दबाव बढ़ सकता है। वहीं सरकार की ओर से अभी तक इस घोषणा पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

post bottom ad

Discover more from MTTV INDIA

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading