गर्मी का मौसम शुरू होते ही घरों में ठंडक बनाए रखने के लिए पंखों के साथ कूलर का इस्तेमाल तेजी से बढ़ जाता है। जैसे-जैसे तापमान बढ़ता है, वैसे-वैसे कूलर घर की सबसे जरूरी मशीनों में शामिल हो जाता है। खासतौर पर उन इलाकों में जहां तेज गर्मी पड़ती है, वहां कूलर राहत का बड़ा साधन माना जाता है। हालांकि कई लोग कूलर चालू करने से पहले उसकी सफाई और रखरखाव पर ध्यान नहीं देते, जिसके कारण कुछ ही दिनों में पानी गंदा होने लगता है, बदबू आने लगती है और मच्छरों की समस्या भी बढ़ जाती है।
कूलर में जमा पानी यदि लंबे समय तक बिना बदले रखा जाए, तो वह कई तरह की दिक्कतों की वजह बन सकता है। गर्मी और बारिश के मौसम में रुका हुआ पानी मच्छरों के पनपने के लिए अनुकूल जगह बन जाता है। यही कारण है कि ऐसे पानी से डेंगू, मलेरिया और अन्य मच्छरजनित बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है। इसलिए कूलर की नियमित सफाई और पानी को स्वच्छ रखना बेहद जरूरी है।
घर में इस्तेमाल होने वाली एक साधारण चीज इस समस्या का आसान समाधान बन सकती है, और वह है फिटकरी। फिटकरी लंबे समय से पानी साफ करने के घरेलू उपाय के रूप में इस्तेमाल होती रही है। यदि इसका सही मात्रा में उपयोग किया जाए, तो कूलर के पानी को काफी हद तक साफ रखा जा सकता है और कई परेशानियों से बचा जा सकता है।
कूलर के टैंक में जब पानी कई दिनों तक जमा रहता है, तो उसमें धूल, मिट्टी और छोटे-छोटे कण मिल जाते हैं। धीरे-धीरे यही पानी गंदला हो जाता है। फिटकरी पानी में मौजूद महीन कणों को आपस में जोड़ने का काम करती है। ये कण भारी होकर नीचे बैठ जाते हैं, जिससे ऊपर का पानी अपेक्षाकृत साफ दिखाई देता है। यही कारण है कि फिटकरी को पानी शुद्ध करने के पारंपरिक तरीकों में शामिल किया जाता है।
कूलर के पानी में फिटकरी डालने का दूसरा बड़ा फायदा मच्छरों से जुड़ा है। मच्छर आमतौर पर साफ और रुके हुए पानी में अंडे देते हैं। यदि पानी की गुणवत्ता खराब हो जाए या उसमें नियमित बदलाव होता रहे, तो उनके पनपने की संभावना कम हो जाती है। फिटकरी पानी को साफ रखने में मदद करती है और लार्वा बनने की स्थितियां कम कर सकती है। हालांकि केवल फिटकरी डालना पर्याप्त नहीं है, पानी बदलना भी जरूरी है।
कई बार कूलर के पानी से अजीब या खराब गंध आने लगती है। यह गंध गंदे पानी, फफूंद, धूल या लंबे समय तक जमा पानी के कारण हो सकती है। Fitkari इस बदबू को कम करने में भी मदद कर सकती है। जब पानी में मौजूद गंदगी कम होती है, तो दुर्गंध भी घटती है और कूलर से आने वाली हवा ज्यादा ताजी महसूस होती है।
कुछ लोग यह भी मानते हैं कि फिटकरी में हल्के एंटीसेप्टिक गुण होते हैं, जो पानी में मौजूद कुछ हानिकारक तत्वों को कम करने में सहायक हो सकते हैं। हालांकि इसे पूर्ण कीटाणुनाशक नहीं माना जाना चाहिए, लेकिन घरेलू रखरखाव के स्तर पर यह उपयोगी माना जाता है।
कूलर के पैड्स और मोटर की कार्यक्षमता भी पानी की गुणवत्ता पर निर्भर करती है। यदि पानी बहुत गंदा हो जाए, तो पैड्स जल्दी खराब हो सकते हैं और उनमें बदबू भी आने लगती है। साफ पानी होने पर पैड्स अपेक्षाकृत बेहतर स्थिति में रहते हैं और कूलर से आने वाली हवा अधिक ठंडी महसूस हो सकती है। इस तरह फिटकरी अप्रत्यक्ष रूप से कूलर की कार्यक्षमता बनाए रखने में मदद कर सकती है।
फिटकरी का उपयोग करते समय मात्रा का ध्यान रखना बेहद जरूरी है। कूलर के टैंक में बहुत ज्यादा फिटकरी डालने की जरूरत नहीं होती। सामान्य तौर पर एक छोटा टुकड़ा काफी माना जाता है। जरूरत से ज्यादा फिटकरी डालने से पानी की गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है या टैंक में अवशेष जमा हो सकते हैं। इसलिए सीमित मात्रा में ही इसका उपयोग करना बेहतर है।
यह भी जरूरी है कि केवल फिटकरी डालकर कूलर को कई दिनों तक बिना सफाई न चलाया जाए। कूलर का पानी समय-समय पर बदलना चाहिए। टैंक की दीवारों, पाइप, पंप और पैड्स की भी नियमित सफाई करनी चाहिए। यदि पानी लंबे समय तक जमा रहेगा, तो मच्छरों, शैवाल और बदबू की समस्या फिर लौट सकती है।
विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि गर्मियों में हर कुछ दिनों में कूलर खाली करके नया पानी भरना अच्छा रहता है। यदि इलाके में बहुत धूल उड़ती है या पानी जल्दी खराब होता है, तो सफाई की आवृत्ति और बढ़ाई जा सकती है। साथ ही रात में कूलर बंद होने पर यदि संभव हो तो अतिरिक्त पानी निकाल देना भी उपयोगी हो सकता है।
घर में छोटे बच्चे, बुजुर्ग या एलर्जी से परेशान लोग हों, तो कूलर की सफाई और भी जरूरी हो जाती है। गंदे कूलर से आने वाली हवा में धूल और फफूंद के कण मिल सकते हैं, जिससे असुविधा बढ़ सकती है। इसलिए स्वच्छ पानी और साफ पैड्स बेहतर घरेलू वातावरण के लिए जरूरी हैं।
कुल मिलाकर, गर्मियों में कूलर को सही तरीके से चलाने के लिए उसकी सफाई सबसे अहम है। Fitkari का छोटा सा टुकड़ा पानी को साफ रखने, बदबू कम करने और मच्छरों की समस्या घटाने में मददगार घरेलू उपाय हो सकता है। लेकिन इसके साथ नियमित पानी बदलना, टैंक साफ करना और पूरे कूलर की देखभाल करना उतना ही जरूरी है। सही रखरखाव से कूलर ज्यादा समय तक बेहतर चलेगा और घर में ठंडी व स्वच्छ हवा देता रहेगा।


