राजस्थान इन दिनों भीषण गर्मी की चपेट में है और प्रदेश के अधिकांश जिलों में सूरज आग बरसा रहा है। पश्चिमी राजस्थान से लेकर हाड़ौती और मेवाड़ क्षेत्र तक तापमान लगातार बढ़ता जा रहा है। रेगिस्तानी जिलों में हालात सबसे अधिक गंभीर बने हुए हैं, जहां दिन के समय तेज धूप और गर्म हवाओं ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। मौसम विभाग के अनुसार रविवार को बाड़मेर प्रदेश का सबसे गर्म जिला रहा, जहां अधिकतम तापमान 46.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके साथ ही जैसलमेर, कोटा, चित्तौड़गढ़ और आसपास के कई इलाकों में भी पारा 45 डिग्री के आसपास या उससे ऊपर पहुंच गया।
राजस्थान के अधिकांश शहरों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर रिकॉर्ड किया गया। केवल माउंट आबू में मौसम अपेक्षाकृत सुहावना रहा, जहां अधिकतम तापमान 33.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके अलावा प्रदेश के लगभग सभी प्रमुख शहरों में गर्मी ने लोगों को बेहाल कर दिया। दोपहर के समय सड़कों पर आवाजाही कम रही और लोग जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकले।
India Meteorological Department के जयपुर केंद्र ने सोमवार के लिए राजस्थान के 21 जिलों में लू का अलर्ट जारी किया है। जिन जिलों में उष्ण लहर की चेतावनी जारी की गई है उनमें अलवर, बारां, भरतपुर, बूंदी, चित्तौड़गढ, दौसा, डीग, धौलपुर, जयपुर, झालावाड़, खैरथल तिजारा, कोटा, बालोतरा, बाड़मेर, बीकानेर, हनुमानगढ, जैसलमेर, जोधपुर, नागौर, फलोदी और श्रीगंगानगर सहित कई जिले शामिल हैं। मौसम विभाग ने लोगों को दोपहर के समय धूप में निकलने से बचने, पर्याप्त पानी पीने और गर्म हवाओं से सतर्क रहने की सलाह दी है।
राजस्थान के पश्चिमी जिलों में स्थिति सबसे अधिक चिंताजनक बनी हुई है। Barmer में 46.4 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया, जबकि जैसलमेर में 46.0 डिग्री तापमान रहा। कोटा और चित्तौड़गढ़ में 45.2 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया। फलोदी में 44.8 डिग्री और जोधपुर शहर में 44.7 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज हुआ। बीकानेर में 44.6 डिग्री और चूरू में 44.2 डिग्री तापमान रहा।
राजधानी Jaipur में भी गर्मी से राहत नहीं मिली। यहां अधिकतम तापमान 42.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। अजमेर, जालोर और Udaipur के डबोक क्षेत्र में भी तापमान 42 डिग्री के आसपास रहा। दौसा, करौली, झुंझुनूं और सीकर जैसे जिलों में भी दिनभर गर्म हवाओं का असर महसूस किया गया।
हालांकि भीषण गर्मी के बीच राहत की खबर भी सामने आई है। मौसम विभाग के अनुसार सोमवार दोपहर बाद से राजस्थान के कुछ जिलों में मौसम बदल सकता है। डीडवाना कुचामन, चूरू, सीकर, कोटपूतली बहरोड़ और झुंझुनूं में कहीं-कहीं बादल छाने की संभावना जताई गई है। कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ हल्की बारिश भी हो सकती है। इससे तापमान में थोड़ी गिरावट आने और लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है।
मंगलवार को प्रदेश के लगभग सभी जिलों में बादलों की आवाजाही देखने को मिल सकती है। यदि मौसम विभाग का पूर्वानुमान सही साबित होता है तो अगले 24 से 48 घंटों में गर्मी की तीव्रता कुछ कम हो सकती है। हालांकि पश्चिमी राजस्थान के कई इलाकों में गर्म हवाओं का असर कुछ समय तक जारी रहने की संभावना बनी हुई है।
रविवार को कुंभलगढ़ में दिनभर की तेज गर्मी के बाद शाम को मौसम ने करवट ली। वहां हल्की बारिश हुई और कुछ स्थानों पर ओले भी गिरे। इससे स्थानीय लोगों को राहत मिली और तापमान में कमी दर्ज की गई। इस तरह के स्थानीय मौसम बदलाव से यह संकेत मिलता है कि आने वाले दिनों में राजस्थान के कई हिस्सों में प्री-मानसून गतिविधियां शुरू हो सकती हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि लगातार बढ़ते तापमान के दौरान बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे तक धूप से बचना, हल्के कपड़े पहनना, पर्याप्त पानी पीना और शरीर को ठंडा रखना जरूरी है। किसानों और बाहर काम करने वाले लोगों को भी सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।


