केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने जयपुर में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान कांग्रेस और उसके वरिष्ठ नेता राहुल गांधी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने राहुल गांधी को “पार्ट टाइम पॉलिटिशियन और फुल टाइम ड्रामेबाज” बताते हुए कहा कि उनका मुख्य काम झूठ बोलना और देश में भ्रम फैलाना है। शिवराज सिंह चौहान ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी को न तो ट्रेड की समझ है, न ट्रेडिशन की और न ही टेक्नोलॉजी की। यह बयान जयपुर के दुर्गापुरा स्थित राज्य कृषि प्रबंध संस्थान में ‘भारत विस्तार’ प्लेटफॉर्म के शुभारंभ कार्यक्रम के दौरान दिया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में किसान, अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
संसद और विपक्ष की भूमिका पर सवाल
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि उन्होंने संसद में ऐसा विपक्ष पहले कभी नहीं देखा, जो लोकतंत्र की मर्यादा को बार-बार तोड़ता हो। उनके अनुसार विपक्ष का एकमात्र एजेंडा गलत जानकारी फैलाना और जनता को गुमराह करना रह गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी लगातार तथ्यों को तोड़-मरोड़ कर पेश करते हैं और इससे देश की छवि को नुकसान पहुंचता है।
स्वामीनाथन आयोग और MSP पर कांग्रेस को घेरा
शिवराज सिंह चौहान ने न्यूनतम समर्थन मूल्य को लेकर राहुल गांधी से सीधा सवाल किया। उन्होंने कहा कि स्वामीनाथन आयोग की सिफारिशों के अनुसार लागत पर 50 प्रतिशत मुनाफा जोड़कर MSP तय करने का फैसला कांग्रेस सरकार ने क्यों नहीं किया। उन्होंने याद दिलाया कि यूपीए सरकार के समय संसद में यह कहा गया था कि ऐसा करना संभव नहीं है, जबकि मौजूदा सरकार ने इसे लागू कर दिखाया। उनके मुताबिक यह निर्णय किसानों के हित में ऐतिहासिक कदम साबित हुआ है।
चीनी, अनाज और आयात-निर्यात नीति पर आरोप
केंद्रीय मंत्री ने यूपीए शासनकाल के दौरान कृषि नीतियों पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि जब मनमोहन सिंह प्रधानमंत्री थे, तब रिकॉर्ड चीनी उत्पादन के बावजूद बफर स्टॉक नहीं बनाया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि उस समय 36 रुपये किलो की दर से चीनी आयात की गई और साढ़े 12 रुपये किलो के भाव पर निर्यात कर दी गई, जिससे किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ा।
उन्होंने 2009-10 का जिक्र करते हुए कहा कि जब देश में महंगाई चरम पर थी, तब आटा और अनाज विदेश भेजा गया। उनके अनुसार यह नीति किसानों और गरीबों दोनों के खिलाफ थी।
अनाज सड़ने और गरीबों तक न पहुंचने का मुद्दा
शिवराज सिंह चौहान ने कांग्रेस सरकार के समय गोदामों में अनाज सड़ने का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि उस दौरान गरीबों को अनाज देने के लिए सुप्रीम कोर्ट ने निर्देश दिए थे, लेकिन सरकार ने उन पर गंभीरता से अमल नहीं किया। उन्होंने इसके विपरीत वर्तमान सरकार की योजनाओं का हवाला देते हुए कहा कि गरीब कल्याण अन्न योजना के तहत 80 करोड़ लोगों को मुफ्त राशन दिया जा रहा है।
व्यापार समझौतों और सेब आयात पर सफाई
राहुल गांधी द्वारा व्यापार समझौतों पर उठाए गए सवालों का जवाब देते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि अमेरिका और अन्य देशों के साथ हुए समझौते पूरी तरह भारत और किसानों के हित में हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि गेहूं, चावल और मक्का जैसे भरपूर अनाज के आयात की अनुमति नहीं दी गई है।
सेब आयात को लेकर उन्होंने कहा कि भारत पहले से ही लगभग पांच लाख मीट्रिक टन सेब आयात करता है। यदि अब आयात का स्रोत तुर्की की जगह अमेरिका बनता है, तो इसमें किसी तरह का नुकसान नहीं है, क्योंकि न्यूनतम आयात मूल्य और शुल्क पहले से तय हैं।
जयपुर की प्रशंसा और किसानों पर फोकस
शिवराज सिंह चौहान ने जयपुर को शौर्य, साहस, संस्कृति और कला का संगम बताते हुए कहा कि भारत विस्तार जैसी किसान हितैषी तकनीक की शुरुआत जयपुर से होना गर्व की बात है। उन्होंने कहा कि किसानों को आगे बढ़ाने के लिए खेतों और गांवों तक पहुंचना जरूरी है। राजस्थान के 10 एग्रो क्लाइमेटिक जोन और सूक्ष्म सिंचाई में राज्य की अग्रणी भूमिका का भी उन्होंने उल्लेख किया।
भारत विस्तार से बदलेगी खेती की तस्वीर
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि भारत विस्तार किसानों के जीवन में बड़ा बदलाव लाने वाला कदम है। इससे किसानों को नई तकनीक समझने और योजनाओं का लाभ लेने में मदद मिलेगी। उन्होंने इसे किसानों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में मजबूत पहल बताया।
कृषि मंत्री किरोड़ी लाल मीणा ने बताया कि भारत विस्तार और एआई फॉर ऑल प्लेटफॉर्म किसानों को कॉल, चैटबॉट और मोबाइल के जरिए कई भाषाओं में जानकारी उपलब्ध कराएंगे। इसमें मौसम, बाजार भाव, खेती, पशुपालन, मत्स्य पालन और सरकारी योजनाओं से जुड़ी जानकारी मिलेगी।


