शोभना शर्मा। कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका गांधी के बेटे रेहान वाड्रा की सगाई को लेकर राजस्थान के सवाई माधोपुर स्थित रणथम्भौर में राजनीतिक और सामाजिक हलचल तेज हो गई है। चर्चाएं हैं कि रणथम्भौर की हसीन वादियों के बीच आज रात रेहान वाड्रा और अवीवा बेग की सगाई का कार्यक्रम आयोजित हो सकता है। इस निजी पारिवारिक आयोजन ने सियासत का रंग तब ले लिया, जब भजनलाल सरकार के मंत्री रोहित गोदारा ने इस बहाने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर तीखा तंज कस दिया। गोदारा के बयान के बाद यह मुद्दा राजनीतिक गलियारों में चर्चा का केंद्र बन गया है।
रणथम्भौर लंबे समय से गांधी परिवार से जुड़ा रहा है। प्रियंका गांधी को जब भी समय मिलता है, वे यहां सफारी और निजी अवकाश के लिए आती रही हैं। ऐसे में उनके बेटे की सगाई के लिए रणथम्भौर को चुना जाना किसी को हैरान नहीं कर रहा। सूत्रों के मुताबिक रेहान वाड्रा और अवीवा बेग हाल ही में रणथम्भौर में टाइगर सफारी करते भी नजर आए, जिससे सगाई की चर्चाओं को और बल मिला। कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेताओं का भी रणथम्भौर पहुंचना शुरू हो गया है, जिससे यह संकेत मिल रहे हैं कि कार्यक्रम पूरी तरह निजी होने के बावजूद राजनीतिक रूप से अहम बन गया है।
इस बीच राजस्थान सरकार के मंत्री रोहित गोदारा ने पत्रकारों से बातचीत में इस सगाई को लेकर राहुल गांधी पर टिप्पणी कर दी। गोदारा ने कहा कि सगाई हो रही है, यह अच्छी बात है और शादी भी होनी चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि राहुल गांधी की भी सगाई हो और वे भी शादी करें, ताकि शादी के बाद सही रास्ते पर चल सकें। गोदारा ने यह भी जोड़ा कि फिलहाल राहुल गांधी सही रास्ते पर नहीं चल रहे हैं। उनके इस बयान ने कांग्रेस और भाजपा के बीच एक नया राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया है।
गौरतलब है कि राहुल गांधी की शादी को लेकर भाजपा नेता समय-समय पर कटाक्ष करते रहे हैं। चुनावी भाषणों से लेकर मीडिया बयानों तक, यह मुद्दा अक्सर राजनीतिक तंज का विषय बनता रहा है। रोहित गोदारा का ताजा बयान भी उसी कड़ी में देखा जा रहा है। भाजपा नेताओं का कहना है कि यह महज एक राजनीतिक टिप्पणी है, जबकि कांग्रेस इसे निजी जीवन में दखल और असंवेदनशील बयान बता रही है।
कांग्रेस खेमे में जहां रेहान वाड्रा की सगाई को लेकर उत्साह का माहौल है, वहीं गोदारा के बयान को लेकर नाराजगी भी देखने को मिल रही है। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि एक निजी पारिवारिक समारोह को राजनीति से जोड़ना दुर्भाग्यपूर्ण है। उनका आरोप है कि भाजपा के नेता जानबूझकर राहुल गांधी को निशाना बनाते हैं, ताकि असल मुद्दों से ध्यान भटकाया जा सके। वहीं भाजपा नेताओं का तर्क है कि राहुल गांधी स्वयं सार्वजनिक जीवन में रहते हैं और उनके आचरण व बयानों पर टिप्पणी करना राजनीतिक अधिकार के दायरे में आता है।
रणथम्भौर में प्रस्तावित सगाई कार्यक्रम को लेकर सुरक्षा और व्यवस्थाओं को लेकर भी प्रशासन सतर्क नजर आ रहा है। हालांकि आधिकारिक तौर पर कार्यक्रम की पुष्टि नहीं की गई है, लेकिन जिस तरह से कांग्रेस के बड़े नेता वहां पहुंच रहे हैं, उससे साफ है कि आयोजन को लेकर तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। बताया जा रहा है कि यह समारोह सीमित और निजी रखा गया है, जिसमें परिवार के करीबी सदस्य और चुनिंदा नेता ही शामिल होंगे।
रेहान वाड्रा, प्रियंका गांधी और रॉबर्ट वाड्रा के बेटे हैं और आमतौर पर वे सार्वजनिक जीवन से दूरी बनाए रखते हैं। उनकी सगाई की खबरें सामने आने के बाद पहली बार वे राजनीतिक सुर्खियों में आए हैं। अवीवा बेग के साथ उनकी जोड़ी को लेकर भी कांग्रेस समर्थकों में उत्सुकता है, लेकिन परिवार की ओर से इस पर कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया गया है।
कुल मिलाकर रेहान वाड्रा की सगाई का यह आयोजन भले ही निजी हो, लेकिन भाजपा नेता के तंज के बाद यह पूरी तरह राजनीतिक चर्चा का विषय बन चुका है। एक ओर कांग्रेस इसे पारिवारिक खुशी का पल मान रही है, वहीं दूसरी ओर भाजपा इसे राहुल गांधी पर निशाना साधने के अवसर के रूप में देख रही है। आने वाले दिनों में यह देखना दिलचस्प होगा कि यह सियासी बयानबाजी यहीं थमती है या आगे और तेज होती है।


