मनीषा शर्मा। राजस्थान में तेजी से बुनियादी ढांचे का विकास करने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। सरकार ने पंजाब नेशनल बैंक (PNB) के साथ समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए हैं। इस एमओयू के तहत बैंक राज्य सरकार को अगले पांच वर्षों में 21 हजार करोड़ रुपए का लोन उपलब्ध कराएगा। यह राशि बिजली, पानी, सड़क, ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे, जयपुर मेट्रो विस्तार और अक्षय ऊर्जा जैसी परियोजनाओं के विकास में इस्तेमाल की जाएगी।
विकसित भारत 2047 से जुड़ा विकसित राजस्थान का सपना
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने एमओयू साइन होने के बाद कहा कि उनकी सरकार का लक्ष्य प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत-2047 के विजन के अनुरूप राजस्थान को विकसित राज्य बनाना है। उन्होंने कहा कि इसके लिए हमारी सरकार ने पहले बजट से ही लॉन्गटर्म स्कीम्स पर काम शुरू कर दिया है। इन योजनाओं में बुनियादी ढांचे का विकास सबसे अहम है, क्योंकि जब तक बिजली, पानी और सड़क जैसी सुविधाएं मजबूत नहीं होंगी तब तक राज्य का सर्वांगीण विकास संभव नहीं है।
किन परियोजनाओं पर होगा खर्च
भजनलाल सरकार ने बताया कि इस राशि का उपयोग कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों में किया जाएगा।
ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे: राज्य में आधुनिक सड़क परिवहन व्यवस्था को मजबूती देने के लिए एक्सप्रेस-वे का निर्माण किया जाएगा।
अक्षय ऊर्जा परियोजनाएं: सौर और पवन ऊर्जा परियोजनाओं को गति मिलेगी, जिससे राज्य को ऊर्जा उत्पादन में आत्मनिर्भर बनाया जा सकेगा।
जयपुर मेट्रो विस्तार: राजधानी जयपुर की बढ़ती आबादी और यातायात दबाव को देखते हुए मेट्रो नेटवर्क का विस्तार किया जाएगा।
पेयजल और स्वच्छता: ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने और स्वच्छता व्यवस्था मजबूत करने पर जोर दिया जाएगा।
इनके अलावा बिजली आपूर्ति तंत्र को मजबूत बनाने और औद्योगिक क्षेत्रों के विकास में भी इस राशि का इस्तेमाल होगा।
पीएनबी बना राजस्थान के विकास का साझेदार
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि इस एमओयू से पंजाब नेशनल बैंक राजस्थान के विकास का साझेदार बन रहा है। उन्होंने कहा कि जब भी राज्य को वित्तीय जरूरत होगी, पीएनबी इस लोन के माध्यम से सरकार की मदद करेगा। इस समझौते से यह सुनिश्चित होगा कि बड़े प्रोजेक्ट्स को समय पर फंडिंग मिले और उन्हें निर्धारित समयसीमा में पूरा किया जा सके।
मौजूद रहे अधिकारी और प्रतिनिधि
इस मौके पर कई वरिष्ठ अधिकारी और बैंक प्रतिनिधि भी मौजूद रहे। मुख्य सचिव सुधांश पंत, अतिरिक्त मुख्य सचिव शिखर अग्रवाल, प्रमुख शासन सचिव वित्त वैभव गालरिया और पंजाब नेशनल बैंक के एमडी और सीईओ अशोक चंद्रा विशेष रूप से शामिल हुए।
आर्थिक विकास की दिशा में अहम कदम
राजस्थान सरकार द्वारा पीएनबी से लिया गया यह लोन केवल बुनियादी ढांचे तक सीमित नहीं है, बल्कि यह राज्य के आर्थिक विकास की दिशा में भी अहम कदम है। बेहतर सड़कें और एक्सप्रेस-वे व्यापार और निवेश को बढ़ावा देंगे। बिजली और पानी की उपलब्धता से उद्योगों का विस्तार होगा और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। वहीं, मेट्रो जैसे शहरी परिवहन प्रोजेक्ट्स से आम नागरिकों की सुविधा बढ़ेगी और प्रदूषण में भी कमी आएगी।


