शोभना शर्मा। बांसवाड़ा-डूंगरपुर संसदीय क्षेत्र से भारत आदिवासी पार्टी (BAP) के सांसद राजकुमार रोत को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक पर जान से मारने की धमकी मिलने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। फेसबुक पर एक यूजर ने न केवल सांसद को गोली मारने की धमकी दी, बल्कि ऐसा करने वाले व्यक्ति को एक करोड़ रुपये इनाम देने की घोषणा भी की है। इस धमकी के बाद आदिवासी इलाकों में रोष फैल गया है और सांसद के समर्थकों ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है।
धमकी पत्रकार वार्ता के दौरान फेसबुक लाइव में आई
मामला मंगलवार को उदयपुर में हुई एक प्रेस वार्ता के दौरान सामने आया। सांसद राजकुमार रोत ने इस प्रेस वार्ता में उदयपुर जिले के नाई थाना पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए थे। उन्होंने कहा कि नाई थाना क्षेत्र में एक हत्या के मामले में पुलिस आदिवासी समुदाय के निर्दोष लोगों को फंसाने का प्रयास कर रही है। सांसद का आरोप था कि कुछ प्रभावशाली लोग आदिवासियों की जमीनें कब्जाने के लिए पुलिस की मिलीभगत से उन्हें झूठे मुकदमों में फंसा रहे हैं।
इस प्रेस वार्ता का प्रसारण फेसबुक पर लाइव किया जा रहा था। इसी दौरान एक सोशल मीडिया यूजर, जिसका नाम चंद्रवीर सिंह बताया जा रहा है, ने लाइव कमेंट में सांसद को धमकी देते हुए लिखा कि “जो भी राजकुमार रोत को गोली मारेगा, उसे एक करोड़ रुपये का इनाम दिया जाएगा।”
यह कमेंट लाइव वीडियो में दिखाई देने के बाद सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया।
धमकी देने वाले ने लगाए गंभीर आरोप, फिर अकाउंट किया डिलीट
धमकी देने वाले यूजर ने अपने कमेंट में सांसद पर गंभीर आरोप लगाते हुए उन्हें ईसाई धर्म अपनाने और “सर्व समाज में माहौल बिगाड़ने” का दोषी बताया। उसने सांसद की छवि को नुकसान पहुंचाने वाले कई अपमानजनक शब्दों का भी प्रयोग किया। जैसे ही धमकी सोशल मीडिया पर वायरल हुई, यूजर ने अपना फेसबुक अकाउंट डिलीट कर दिया, जिससे पुलिस की शुरुआती जांच में मुश्किलें बढ़ गई हैं।
सांसद ने पुलिस से की कार्रवाई की मांग, जताई सुरक्षा चिंता
इस घटना के बाद सांसद राजकुमार रोत ने कहा कि यह धमकी केवल एक व्यक्ति के खिलाफ नहीं बल्कि लोकतंत्र की आवाज के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि उन्हें और उनके परिवार को गंभीर खतरा महसूस हो रहा है। उन्होंने पुलिस महानिदेशक (DGP) और पुलिस महानिरीक्षक (IG) को पत्र लिखकर घटना की विस्तृत जांच और धमकी देने वाले व्यक्ति के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
सांसद ने कहा, “यह धमकी न केवल मेरी जान के लिए खतरा है, बल्कि यह आदिवासी समाज की आवाज को दबाने का प्रयास भी है। ऐसे मामलों में पुलिस को तत्काल कार्रवाई करनी चाहिए ताकि कोई भी नागरिक भयभीत न हो।”
आदिवासी इलाकों में तनाव, समर्थकों में आक्रोश
इस धमकी की खबर फैलते ही बांसवाड़ा और डूंगरपुर जिलों में तनाव का माहौल बन गया है। सांसद के समर्थकों और स्थानीय आदिवासी संगठनों ने इस घटना की तीखी निंदा की है। कई जगहों पर लोगों ने प्रदर्शन की चेतावनी दी है और प्रशासन से मांग की है कि धमकी देने वाले व्यक्ति को जल्द गिरफ्तार किया जाए।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि राजकुमार रोत आदिवासी समाज के हितों की खुलकर पैरवी करते हैं, इसलिए उन्हें निशाना बनाया जा रहा है। सोशल मीडिया पर भी इस घटना को लेकर चर्चा तेज हो गई है और यूजर्स सुरक्षा एजेंसियों से त्वरित कदम उठाने की मांग कर रहे हैं।
पुलिस ने जांच शुरू की, आधिकारिक बयान का इंतजार
फिलहाल पुलिस ने इस मामले में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है, लेकिन सूत्रों के अनुसार साइबर टीम को धमकी देने वाले व्यक्ति के IP एड्रेस और लोकेशन ट्रेस करने का निर्देश दिया गया है।
अधिकारियों का कहना है कि यह मामला गंभीर प्रकृति का है और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से आवश्यक डाटा मांगा जा रहा है। यदि धमकी की पुष्टि होती है, तो संबंधित यूजर के खिलाफ आईटी एक्ट और आईपीसी की धारा 506 (धमकी देना) के तहत मामला दर्ज किया जाएगा।


