मनीषा शर्मा। राजस्थान की राजनीति में शुक्रवार का दिन अत्यंत महत्वपूर्ण रहा, जब अंता विधानसभा सीट के उपचुनाव का परिणाम घोषित किया गया। इस उपचुनाव में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और क्षेत्र में लोकप्रिय चेहरा माने जाने वाले प्रमोद जैन भाया ने शानदार जीत हासिल करते हुए भाजपा के उम्मीदवार मोरपाल सुमन समेत सभी प्रत्याशियों को पीछे छोड़ दिया। भाया ने कुल 15594 वोटों से जीत दर्ज कर कांग्रेस के खेमे में उत्साह और जोश भर दिया है।
उपचुनाव में भाजपा को बड़ा झटका लगा है, क्योंकि उसके प्रत्याशी मोरपाल सुमन को 53868 वोट मिले और वे दूसरे स्थान पर रहे। वहीं निर्दलीय उम्मीदवार नरेश मीणा को 53740 वोट प्राप्त हुए, जो भाजपा के वोट बैंक में सेंध लगाने वाले कारक के रूप में देखे जा रहे हैं। कांग्रेस के लिए यह जीत न केवल राजनीतिक मजबूती का संकेत है, बल्कि प्रदेश की मौजूदा भाजपा सरकार के खिलाफ जनमत के रूप में भी देखी जा रही है।
जीत के बाद कांग्रेस खेमे में जश्न का माहौल है। पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने इसे जनता के भरोसे की जीत बताया। इसी बीच पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने प्रमोद जैन भाया को बधाई देते हुए भाजपा सरकार पर तीखा प्रहार किया है। गहलोत ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा कि कांग्रेस को विजय दिलाने के लिए वे सभी मतदाताओं के आभारी हैं जिन्होंने भाया के पक्ष में मतदान किया और लोकतंत्र में विश्वास जताया।
अशोक गहलोत ने कहा कि अंता की यह जीत कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के नेतृत्व में जनता के बढ़ते विश्वास का प्रमाण है। उन्होंने कांग्रेस की जनहितकारी योजनाओं को जनता का समर्थन बताया और कहा कि लोगों ने एक बार फिर उनकी सरकार द्वारा शुरू की गई योजनाओं पर अपनी मुहर लगाई है।
गहलोत ने भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि भाजपा पिछले दो वर्षों में एक भी ठोस उपलब्धि बताने में असफल रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार द्वारा कांग्रेस की लोकप्रिय योजनाओं को कमजोर करने के परिणामस्वरूप आम जनता तक राहत नहीं पहुंच रही है। उनके अनुसार, यह उपचुनाव परिणाम जनता की नाराज़गी और पूर्व कांग्रेस सरकार की नीतियों के प्रति विश्वास का स्पष्ट संदेश है।
उन्होंने कहा कि अंता उपचुनाव का नतीजा यह दर्शाता है कि केवल दो वर्षों में ही भाजपा सरकार पर एंटी-इनकंबेंसी हावी हो गई है। गहलोत ने इसे सरकार का “लिटमस टेस्ट” बताते हुए दावा किया कि भाजपा इस परीक्षा में फेल साबित हुई है। गहलोत ने कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं का विशेष धन्यवाद करते हुए कहा कि उनकी मेहनत और निरंतर प्रयासों के दम पर ही यह जीत संभव हो सकी है।


