राजस्थान की राजधानी Jaipur विश्वभर में अपने ऐतिहासिक किलों, महलों और सांस्कृतिक विरासत के लिए जानी जाती है। हर साल यहां देश-विदेश से लाखों पर्यटक घूमने आते हैं। पर्यटन की इस बढ़ती संख्या के साथ-साथ सुरक्षा और सुविधा से जुड़े मुद्दे भी अहम हो जाते हैं। इन्हीं जरूरतों को ध्यान में रखते हुए Jaipur Police ने एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए ‘पिंक गार्ड ऐप’ लॉन्च करने की तैयारी शुरू कर दी है। यह ऐप पर्यटकों के लिए सुरक्षा, जानकारी और सहायता का एक डिजिटल प्लेटफॉर्म प्रदान करेगा।
अप्रैल के अंत तक शुरू होगी सेवा
पिंक गार्ड ऐप को अप्रैल के अंतिम सप्ताह तक लॉन्च करने की योजना बनाई गई है। इसके शुरू होते ही पर्यटकों को शहर के प्रमुख पर्यटन स्थलों की जानकारी, वहां तक पहुंचने के रास्ते और रीयल टाइम ट्रैफिक अपडेट जैसे फीचर्स मिलेंगे।
इस ऐप के जरिए पर्यटक अपनी यात्रा को अधिक सुव्यवस्थित तरीके से प्लान कर सकेंगे और उन्हें शहर में घूमने के दौरान किसी प्रकार की असुविधा का सामना नहीं करना पड़ेगा।
आपात स्थिति में पुलिस से सीधा संपर्क
इस ऐप का सबसे महत्वपूर्ण पहलू इसकी सुरक्षा से जुड़ी सुविधाएं हैं। यदि कोई पर्यटक शहर में घूमते समय किसी परेशानी में फंस जाता है, तो वह सीधे इस ऐप के माध्यम से पुलिस से संपर्क कर सकेगा।
ऐप के जरिए भेजी गई सूचना के साथ पर्यटक की लोकेशन भी पुलिस तक पहुंच जाएगी, जिससे मदद जल्दी और सटीक तरीके से उपलब्ध कराई जा सकेगी। यह फीचर खास तौर पर विदेशी पर्यटकों के लिए बेहद उपयोगी साबित हो सकता है, जो अक्सर भाषा और स्थान की जानकारी के अभाव में परेशानी का सामना करते हैं।
रजिस्टर्ड गाइड्स की जानकारी और पारदर्शिता
पिंक गार्ड ऐप के माध्यम से पर्यटकों को शहर के रजिस्टर्ड गाइड्स की पूरी सूची भी उपलब्ध कराई जाएगी। इसके साथ ही उनकी फीस की जानकारी भी ऐप पर दी जाएगी, जिससे पर्यटक बिना किसी ठगी के भरोसेमंद गाइड का चयन कर सकें। यह कदम पर्यटन क्षेत्र में पारदर्शिता बढ़ाने और पर्यटकों को सुरक्षित अनुभव देने के उद्देश्य से उठाया गया है। इससे अवैध और अनधिकृत गाइड्स की समस्या पर भी नियंत्रण किया जा सकेगा।
अभद्र व्यवहार पर गोपनीय शिकायत की सुविधा
इस ऐप में एक और महत्वपूर्ण सुविधा दी जा रही है, जिसके तहत पर्यटक किसी गाइड के अभद्र व्यवहार या अधिक शुल्क वसूलने की स्थिति में गोपनीय शिकायत दर्ज कर सकेंगे।
इस बारे में जानकारी देते हुए पुलिस के विशेष आयुक्त Om Prakash ने बताया कि यदि शिकायत सही पाई जाती है, तो संबंधित गाइड को सूची से हटाकर उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। यह सुविधा पर्यटकों को न केवल सुरक्षा का भरोसा देगी, बल्कि पर्यटन सेवाओं की गुणवत्ता को भी बेहतर बनाएगी।
अभय कमांड सेंटर से होगा संचालन
पिंक गार्ड ऐप का संचालन पुलिस कमिश्नरेट स्तर पर किया जाएगा और इसे Abhay Command Center से मॉनिटर किया जाएगा। यह कमांड सेंटर शहर की सुरक्षा व्यवस्था का प्रमुख केंद्र है, जहां से विभिन्न गतिविधियों पर नजर रखी जाती है। ऐप के जरिए आने वाली हर सूचना और शिकायत पर यहां से त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। इस तकनीकी व्यवस्था के माध्यम से पुलिस को रीयल टाइम डेटा मिलेगा, जिससे किसी भी आपात स्थिति में तुरंत प्रतिक्रिया दी जा सकेगी।
स्मार्ट टूरिज्म की दिशा में बड़ा कदम
पिंक गार्ड ऐप को जयपुर में स्मार्ट टूरिज्म की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से पर्यटकों को जानकारी और सुरक्षा उपलब्ध कराना आधुनिक पर्यटन प्रबंधन का हिस्सा बन चुका है। इस पहल से न केवल पर्यटकों का अनुभव बेहतर होगा, बल्कि जयपुर की छवि एक सुरक्षित और तकनीकी रूप से उन्नत पर्यटन स्थल के रूप में और मजबूत होगी।


