मनीषा शर्मा। राजस्थान की राजनीति में अपने बयानों को लेकर हमेशा सुर्खियों में रहने वाले आरएलपी सुप्रीमो और नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल ने एक बार फिर कांग्रेस और मौजूदा भजनलाल सरकार पर तीखे हमले किए। सीकर जिले के लक्ष्मणगढ़ के पास भोजासर बड़ा गांव में वीर तेजाजी महाराज के मंदिर में आयोजित भजन संध्या कार्यक्रम में बेनीवाल ने कांग्रेस नेताओं महेश जोशी और सचिन पायलट पर तंज कसा। साथ ही मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे पर भी निशाना साधते हुए राजस्थान की राजनीति में हलचल मचा दी।
महेश जोशी पर तंज – जेल में सब धार्मिक हो जाते हैं
बेनीवाल ने अपने संबोधन की शुरुआत कांग्रेस के पूर्व मंत्री महेश जोशी पर हमला बोलते हुए की। उन्होंने कहा कि महेश जोशी का एक फोटो वायरल हुआ था, जिसमें वे सिर्फ चड्डी-बनियान में प्राणायाम करते नजर आए थे। अब वे कह रहे हैं कि जेल में जाकर बहुत धार्मिक हो गए हैं। बेनीवाल ने व्यंग्य किया, “जेल में तो सारे ही धार्मिक हो जाते हैं, अगर खुद नहीं होते तो जेल वाले करा देते हैं। अंदर क्या-क्या करवाते हैं, सबको पता है।”
बेनीवाल ने आगे कहा कि चाहे कितना भी बड़ा नेता हो या कितना भी प्रभावशाली व्यक्ति हो, जेल जाने के बाद उसकी “औकात” सामने आ ही जाती है।
सचिन पायलट की जेल घटना का जिक्र
इसके बाद हनुमान बेनीवाल ने सचिन पायलट पर निशाना साधा और पुराना किस्सा सुनाया। उन्होंने कहा कि जब बैंसला जी गुर्जर आंदोलन कर रहे थे, तब पायलट को भी गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। जेल में शेखावाटी और मारवाड़ के लोगों ने उनसे कहा कि पायलट भाया पीछे जाकर चादर बिछाकर सो जाओ।
बेनीवाल ने व्यंग्य में कहा कि पायलट ने जेल में सोने की कोशिश की, लेकिन एक घंटे बाद ही शिकायत करने लगे कि उन्हें मच्छर काट रहे हैं। उन्होंने तुरंत वसुंधरा राजे को फोन करने को कहा। वसुंधरा राजे तो पहले से तैयार थीं और पायलट की रिहाई के लिए सक्रिय हो गईं। बाद में उन्हें सीधे दिल्ली भेज दिया गया। बेनीवाल ने तंज कसते हुए कहा, “ऐसे भी नेता हैं राजस्थान में, जिनको मच्छर काटे और वो दिल्ली भाग गए।”
कांग्रेस छात्रसंघ चुनाव और लाठीचार्ज का मुद्दा
बेनीवाल ने कांग्रेस के छात्रसंघ चुनाव से जुड़े आंदोलन पर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि पायलट युवाओं से कहते हैं कि जब वे विधायक थे तो पुलिस लाठीचार्ज के दौरान उन्हें चोट लगी थी और उसका दर्द वे आज तक नहीं भूल पाए हैं। बेनीवाल बोले कि यह सच है कि पुलिस की लाठी लगने के बाद आदमी उम्रभर दर्द याद रखता है, लेकिन नेताओं को इस पर राजनीति नहीं करनी चाहिए।
भजनलाल सरकार पर कटाक्ष
हनुमान बेनीवाल ने अपने भाषण में मौजूदा मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा पर भी कई कटाक्ष किए। उन्होंने कहा कि भजनलाल के सीएम बनने के बाद सबकुछ किस्मत का खेल लगता है। उन्होंने मजाक करते हुए कहा, “एक तो अहमदाबाद से फ्लाइट से आदमी गिरा और बच गया, और दूसरा भजनलाल सीएम बन गया। इसके बाद मैंने मान लिया कि किस्मत ओढ़कर सो जाना चाहिए, कुछ भी हो सकता है।”
बेनीवाल ने भजनलाल के बोलचाल का मजाक उड़ाते हुए कहा कि वे ट्विटर को ‘टूटर’ और फ्लाइट को ‘फ्लैट’ कहते हैं। उन्होंने व्यंग्य करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री ने जिंदा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को श्रद्धांजलि दी थी, जो अब तक किसी ने नहीं किया। बेनीवाल ने कहा, “राजस्थान का शूरवीर वही है जो जिंदा प्रधानमंत्री को श्रद्धांजलि अर्पित करे।”
वसुंधरा और कांग्रेस पर भी हमला
बेनीवाल ने कहा कि उन्होंने वसुंधरा राजे की दादागिरी खत्म करने की कोशिश की, लेकिन उसी के चलते ऐसे लोग सत्ता में आ गए। उन्होंने कहा कि यह सरकार ज्यादा दिन टिकने वाली नहीं है, दो-तीन महीने में ही इसका समय खत्म हो जाएगा।
उन्होंने भजनलाल सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि उनका “कनेक्शन” काटा गया है, लेकिन वे भी सरकार के कनेक्शन काटकर रहेंगे। बेनीवाल ने कहा कि उनकी आदत है कि वे किसी बात को भूलते नहीं और समय आने पर बदला जरूर लेते हैं।
राजनीति में संघर्ष का ऐलान
अपने भाषण के अंत में बेनीवाल ने ऐलान किया कि वे वसुंधरा राजे को भगाएंगे, गहलोत के बेटे वैभव गहलोत को हराएंगे और जिन-जिन नेताओं का पीछा किया है, उन्हें राजनीति में सबक सिखाएंगे। उन्होंने कहा कि वे संघर्ष की राजनीति में विश्वास रखते हैं और विपक्ष की भूमिका मजबूती से निभाते रहेंगे।