मनीषा शर्मा, अजमेर। अजमेर में आगामी 14 जनवरी 2026 को एक भव्य और ऐतिहासिक धार्मिक आयोजन होने जा रहा है। दयानंद कॉलेज, ब्यावर रोड स्थित खेल मैदान में संगीतमय सुंदरकांड पाठ, महाआरती और पोस्टर विमोचन कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। दोपहर 2 बजे से शुरू होने वाले इस कार्यक्रम के लिए तैयारियां तेज कर दी गई हैं। आयोजन का उद्देश्य समाज में भक्ति, शांति, सद्भाव और सर्वकल्याण का संदेश फैलाना है।
यह विशाल कार्यक्रम अजमेर दक्षिण श्री सनातन संस्कृति संरक्षण प्रन्यास के तत्वावधान में आयोजित किया जा रहा है। आयोजन समिति के अनुसार, इस अवसर पर 5151 श्रद्धालु एक साथ सुंदरकांड पाठ और महाआरती में शामिल होंगे। इतने बड़े स्तर पर सामूहिक पाठ का यह आयोजन अपने आप में एक बड़ा धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम माना जा रहा है, जो आस्था और एकता का मजबूत संदेश देगा।
कार्यक्रम की विशेषता यह रहेगी कि हनुमान जी के कृपापात्र माने जाने वाले पूज्य श्री रसराज जी महाराज (दिल्ली वाले) के श्रीमुख से संगीतमय सुंदरकांड पाठ होगा। उनकी ओजपूर्ण वाणी और भावनात्मक प्रस्तुति से पूरा वातावरण भक्तिमय बनने की उम्मीद जताई जा रही है। आयोजन समिति का कहना है कि इस पाठ से श्रद्धालुओं को दिव्य और आध्यात्मिक अनुभव प्राप्त होगा तथा परिवार और समाज के कल्याण की प्रार्थना की जाएगी।
एक साथ 5151 श्रद्धालुओं द्वारा सुंदरकांड पाठ और महाआरती का यह आयोजन न केवल धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि इसे सनातन संस्कृति और परंपरा के संरक्षण का प्रतीक भी माना जा रहा है। आयोजकों का कहना है कि इस प्रकार के कार्यक्रम समाज को जोड़ने और सकारात्मक ऊर्जा फैलाने में बड़ी भूमिका निभाते हैं।
श्रद्धालुओं की सुविधा का विशेष ध्यान रखते हुए ऑनलाइन आसन बुकिंग की व्यवस्था की गई है। कोई भी इच्छुक श्रद्धालु अपने मोबाइल फोन से क्यूआर कोड स्कैन कर ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कर सकता है। आसनों की संख्या सीमित होने के कारण सभी से अनुरोध किया गया है कि वे समय रहते रजिस्ट्रेशन पूरा करें। आयोजकों ने स्पष्ट किया है कि कार्यक्रम पूर्णतः निःशुल्क रहेगा और किसी भी प्रकार का शुल्क नहीं लिया जाएगा।
बुकिंग प्रक्रिया “पहले आओ – पहले पाओ” के सिद्धांत पर आधारित है। जो श्रद्धालु पहले रजिस्ट्रेशन करेंगे, उनका आसन स्वतः सुरक्षित हो जाएगा। इसलिए श्रद्धालुओं से आग्रह किया गया है कि वे विलंब न करते हुए जल्द से जल्द अपना पंजीकरण सुनिश्चित कर लें, ताकि उन्हें सुविधा के साथ कार्यक्रम में बैठने का अवसर मिल सके।
अजमेर दक्षिण विधायक अनीता भदेल ने बताया कि संगीतमय सुंदरकांड पाठ और महाआरती का उद्देश्य सर्वकल्याण, शांति, समृद्धि और हनुमान जी की कृपा प्राप्ति के लिए सामूहिक प्रार्थना करना है। साथ ही, यह आयोजन युवा पीढ़ी को अपनी संस्कृति और परंपराओं से जोड़ने का प्रयास भी है। परिवार सहित आने वाले श्रद्धालुओं के लिए पूरे मैदान में व्यवस्थाएं की जा रही हैं, जिसमें बैठने, ध्वनि व्यवस्था और सुरक्षा प्रबंध शामिल हैं।
अजमेर और आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के आने की संभावना जताई जा रही है। आयोजन समिति ने शहरवासियों से सपरिवार पहुंचकर इस दिव्य कार्यक्रम को सफल बनाने की अपील की है। उनका कहना है कि सामूहिक रूप से किया गया यह पाठ शहर के धार्मिक माहौल को और अधिक सुदृढ़ करेगा और लोगों में आस्था एवं एकता की भावना को मजबूत करेगा।
कार्यक्रम से जुड़े स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने भी इस आयोजन का स्वागत किया है। उनका कहना है कि ऐसे आयोजनों से समाज में सकारात्मक संदेश जाता है और सांस्कृतिक विरासत के प्रति सम्मान बढ़ता है। धार्मिक आयोजनों के साथ सामाजिक समरसता को जोड़ना समय की आवश्यकता है।
14 जनवरी को होने वाला यह संगीतमय सुंदरकांड पाठ और महाआरती न केवल श्रद्धालुओं के लिए आध्यात्मिक अवसर होगा, बल्कि यह अजमेर की धार्मिक पहचान को और अधिक सशक्त बनाने वाला आयोजन साबित हो सकता है।


