मध्य-पूर्व में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के कारण कई अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के प्रभावित होने से बड़ी संख्या में यात्री UAE में फंस गए। ऐसे मुश्किल समय में एक भारतीय उद्योगपति की दरियादिली ने मानवता की मिसाल पेश की है। यूएई में रहने वाले भारतीय कारोबारी धीरज जैन ने फंसे हुए यात्रियों की मदद के लिए अपने फार्महाउस के दरवाजे खोल दिए। उनकी इस पहल की देश-विदेश में सराहना हो रही है। इस मानवीय कदम की प्रशंसा उद्योग जगत के दिग्गज भी कर रहे हैं। महिंद्रा ग्रुप के चेयरमैन आनंद महिंद्रा ने भी सोशल मीडिया के माध्यम से धीरज जैन की खुले दिल से तारीफ की और इसे भारतीय संस्कृति की ‘अतिथि देवो भव’ की भावना का प्रतीक बताया।
तनाव के कारण प्रभावित हुईं उड़ानें
दरअसल हाल के दिनों में अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के कारण मध्य-पूर्व क्षेत्र में हवाई सेवाएं प्रभावित हो गई थीं। कई अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को रद्द करना पड़ा या फिर वे काफी देर से संचालित हुईं। इसका सीधा असर उन यात्रियों पर पड़ा जो विभिन्न देशों से होकर यूएई के रास्ते यात्रा कर रहे थे। फ्लाइट कैंसिलेशन और देरी के कारण बड़ी संख्या में यात्री दुबई और आसपास के क्षेत्रों में फंस गए। कई यात्रियों को अचानक ठहरने की जगह नहीं मिल पा रही थी, जबकि होटल भी तेजी से भरते जा रहे थे। ऐसी स्थिति में लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
राजस्थान मूल के उद्योगपति ने दिखाई दरियादिली
इसी मुश्किल समय में राजस्थान मूल के भारतीय उद्योगपति धीरज जैन ने आगे बढ़कर मदद का हाथ बढ़ाया। उन्होंने यूएई के अजमान में स्थित अपने 11 कमरों वाले फार्महाउस को फंसे हुए यात्रियों के लिए खोल दिया। जिन लोगों को अचानक रहने की व्यवस्था नहीं मिल पा रही थी, उन्हें वहां सुरक्षित ठहरने का अवसर दिया गया। धीरज जैन का यह कदम उन यात्रियों के लिए बड़ी राहत साबित हुआ, जो अचानक यात्रा बाधित होने के कारण असमंजस की स्थिति में थे। उनके इस फैसले ने यह संदेश भी दिया कि संकट के समय संवेदनशीलता और सहयोग सबसे बड़ी ताकत होती है।
आनंद महिंद्रा ने की सराहना
धीरज जैन की इस पहल की जानकारी सामने आने के बाद उद्योग जगत के प्रमुख नाम आनंद महिंद्रा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर इसकी प्रशंसा की। उन्होंने अपने संदेश में लिखा कि हाल ही में उड़ानों में व्यवधान के कारण कई भारतीय परिवार दुबई में फंस गए थे।
महिंद्रा ने कहा कि ऐसे समय में धीरज जैन ने अपने फार्महाउस के दरवाजे उन परिवारों के लिए खोल दिए। उन्होंने इसे भारतीय संस्कृति के उस मूल भाव का उदाहरण बताया, जिसमें अतिथि को देवता के समान माना जाता है।
उन्होंने अपने संदेश में यह भी लिखा कि कई बार केवल एक व्यक्ति का आगे आना ही लोगों के बीच भरोसे को फिर से जगाने के लिए काफी होता है। उन्होंने धीरज जैन की उदारता को सलाम करते हुए उनकी पहल को प्रेरणादायक बताया।
फार्महाउस में मुफ्त रहने और खाने की व्यवस्था
धीरज जैन यूएई में 1XL होल्डिंग्स के प्रमुख हैं और लंबे समय से वहां व्यापार कर रहे हैं। जब 28 फरवरी के बाद क्षेत्र में तनाव के कारण कई उड़ानें प्रभावित हुईं, तब उन्होंने फंसे हुए यात्रियों की मदद करने का फैसला किया। उन्होंने अपने फार्महाउस में यात्रियों के लिए मुफ्त रहने और खाने की व्यवस्था की। इसके अलावा वहां अन्य जरूरी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गईं ताकि किसी को भी असुविधा का सामना न करना पड़े। इस पहल से कई यात्रियों को राहत मिली।
मेहमानों के साथ खुद भी रहे मौजूद
धीरज जैन और उनका परिवार केवल सुविधा उपलब्ध कराने तक ही सीमित नहीं रहे। वे खुद भी वहां मौजूद रहकर मेहमानों के साथ समय बिताते रहे ताकि कोई भी व्यक्ति अकेलापन महसूस न करे। रिपोर्ट्स के अनुसार उन्होंने यात्रियों को लाने और छोड़ने के लिए अपनी निजी लग्जरी कारों का भी उपयोग किया। बताया जाता है कि उन्होंने अपनी रोल्स-रॉयस सहित कई गाड़ियों के जरिए पिकअप और ड्रॉप की व्यवस्था की, जिससे यात्रियों को एयरपोर्ट या अन्य स्थानों तक पहुंचने में आसानी हुई।
भारतीय दूतावास तक पहुंची जानकारी
धीरज जैन की इस पहल की जानकारी दुबई स्थित भारतीय वाणिज्य दूतावास तक भी पहुंच गई। इसके बाद दूतावास ने फंसे हुए भारतीय यात्रियों तक यह सूचना पहुंचाई कि जरूरत पड़ने पर वे वहां ठहर सकते हैं। सोशल मीडिया पर भी उनकी इस दरियादिली की व्यापक सराहना हो रही है। लोग इसे मानवता, सहानुभूति और भारतीय संस्कृति की भावना का बेहतरीन उदाहरण बता रहे हैं।
मानवता का संदेश
धीरज जैन की यह पहल यह दर्शाती है कि संकट के समय मानवीय संवेदनाएं किस तरह लोगों के जीवन में राहत ला सकती हैं। जब लोग अनिश्चितता और परेशानी से गुजर रहे थे, तब एक व्यक्ति का यह कदम कई परिवारों के लिए सहारा बन गया।


