मनीषा शर्मा। उत्तर भारत के पहाड़ी इलाकों में हो रही बर्फबारी का असर अब मैदानी इलाकों में भी दिखने लगा है। राजस्थान में पिछले कुछ दिनों से बारिश थमने के बाद अब उत्तर-पश्चिमी ठंडी हवाएं चलने लगी हैं। इसके चलते पूरे राज्य में तापमान में गिरावट देखी जा रही है और सर्दी की दस्तक महसूस होने लगी है। मौसम में हल्की ठंडक के साथ सुबह और शाम ठिठुरन का असर बढ़ रहा है। सिरोही में तापमान सबसे ज्यादा गिरा है, जहां रात का न्यूनतम तापमान 15 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार, सिरोही इस सीजन की अब तक की सबसे ठंडी रात दर्ज करने वाला इलाका रहा है। वहीं शेखावाटी क्षेत्र, हनुमानगढ़ में भी रात का तापमान 20 डिग्री सेल्सियस से नीचे चला गया है।
सीकर में सबसे ठंडा दिन, कई शहरों में तापमान 30 डिग्री से नीचे
सीकर में बुधवार को दिन का अधिकतम तापमान 26.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ, जो पूरे राज्य में सबसे कम रहा। पिछले 24 घंटों में राजस्थान के अधिकतर शहरों में आसमान साफ रहा और दिन में तेज धूप निकली। हालांकि, शाम होते ही ठंडी हवाएं चलने लगीं, जिससे तापमान में गिरावट दर्ज की गई। नागौर , चुरू , बीकानेर, सीकर, पिलानी , जोधपुर और अलवर में भी दिन का अधिकतम तापमान 30 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया गया। तापमान में यह गिरावट इस बात का संकेत है कि सर्दी अब धीरे-धीरे दस्तक दे रही है और आने वाले दिनों में इसका असर और बढ़ेगा।
उत्तरी हवाएं बनीं ठंडक की वजह
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, उत्तर भारत में वेस्टर्न डिस्टरबेंस के कारण हो रही बर्फबारी की ठंडी हवाएं मैदानी इलाकों में भी पहुंच रही हैं। Haryana, Punjab और राजस्थान में बारिश के बाद मौसम पूरी तरह से साफ हो गया है, जिससे अब सुबह-शाम हल्का कोहरा और ठंडी हवाएं महसूस की जा रही हैं। इन हवाओं का सीधा असर रात के तापमान पर पड़ा है। ग्रामीण इलाकों में लोगों ने पंखे और कूलर बंद कर दिए हैं और हल्के गर्म कपड़े निकालने शुरू कर दिए हैं। खेतों में सुबह काम करने वाले किसानों को अब हल्की सर्दी का एहसास होने लगा है।
अगले कुछ दिन रहेगा साफ मौसम
मौसम विभाग के मुताबिक राजस्थान में अगले कुछ दिनों तक आसमान साफ रहेगा। दिन में धूप निकलने से अधिकतम तापमान में मामूली बढ़ोतरी हो सकती है, लेकिन उत्तरी हवाओं के कारण सुबह और रात में ठंडक बनी रहेगी। दिन और रात के तापमान में अंतर बढ़ेगा, जिससे सर्दी का असर और स्पष्ट रूप से महसूस होने लगेगा। मौसम वैज्ञानिकों ने बताया कि फिलहाल किसी बड़े सिस्टम के आने की संभावना नहीं है, इसलिए आने वाले दिनों में बारिश की संभावना भी नगण्य है। हालांकि पहाड़ों पर बर्फबारी जारी रहने से ठंडी हवाएं लगातार मैदानी इलाकों तक आती रहेंगी।
तापमान में गिरावट से बदल रहा है जनजीवन
तापमान में गिरावट के बाद लोगों की दिनचर्या पर भी असर दिखने लगा है। ग्रामीण इलाकों में सुबह जल्दी उठने वाले किसानों को अब खेतों में हल्की सर्द हवाओं का सामना करना पड़ रहा है। शहरों में भी सुबह और शाम के समय लोग हल्के गर्म कपड़े पहनने लगे हैं। ठंडी हवाओं के कारण बच्चों और बुजुर्गों को भी एहतियात बरतने की सलाह दी जा रही है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार मौसम बदलने के समय में सर्दी-जुकाम, खांसी और वायरल संक्रमण का खतरा भी बढ़ जाता है। इसलिए लोगों को इस दौरान सावधानी बरतने और मौसम के अनुसार कपड़े पहनने की जरूरत है।
प्रदेश में सर्दी की दस्तक, किसानों और पर्यटकों के लिए राहत
राजस्थान में सर्दी की शुरुआत किसानों और पर्यटकों दोनों के लिए राहत लेकर आई है। एक ओर खेतों में काम करने वाले किसानों को ठंडी हवाओं में काम करना आसान लगता है, वहीं दूसरी ओर सर्द मौसम के कारण पर्यटन सीजन भी धीरे-धीरे रफ्तार पकड़ रहा है। जयपुर , उदयपुर और जोधपुर जैसे शहरों में देश-विदेश से पर्यटक सर्द मौसम में घूमने का आनंद लेते हैं। मौसम में यह बदलाव राज्य की अर्थव्यवस्था पर भी सकारात्मक असर डाल सकता है।
ठंड का असर अब और बढ़ेगा
राजस्थान में सर्दी की शुरुआत हो चुकी है और तापमान में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है। उत्तरी हवाओं के कारण सुबह और रात में ठिठुरन का असर और तेज होगा। विशेषज्ञों के अनुसार आने वाले दो से तीन सप्ताह में राज्य में सर्दी का असर और गहराएगा। यह समय बदलते मौसम में स्वास्थ्य को लेकर सतर्क रहने का भी है। लोगों को ठंडी हवाओं से बचाव और तापमान के अनुसार कपड़ों का ध्यान रखना होगा। उत्तर भारत की बर्फबारी ने राजस्थान के मौसम को ठंडा कर दिया है और अब राज्य में सर्दी के मौसम की दस्तक साफ महसूस की जा सकती है।


