शोभना शर्मा। शनिवार सुबह जवाहर सर्किल का माहौल तब बदला जब मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा आम व्यक्ति की तरह मॉर्निंग वॉक के लिए पार्क में पहुंचे। मुख्यमंत्री न तो भारी सुरक्षा व्यवस्था में थे और न ही उनके लिए तय रूट क्लियर किया गया था। किसी को उम्मीद नहीं थी कि सुबह-सुबह सीएम बिना औपचारिकता और बिना शोर के पार्क में पहुंच जाएंगे। लोगों के बीच उनका सहज व्यवहार देखकर पार्क में मौजूद सभी लोग हैरान भी हुए और उत्साहित भी।
मुख्यमंत्री इससे पूर्व भी जवाहर सर्किल पर नियमित रूप से सैर करते रहे हैं। मुख्यमंत्री पद संभालने के बाद भी वे कई बार जयपुर के अलग-अलग पार्कों में मॉर्निंग वॉक पर जाते रहे हैं, लेकिन आज की सुबह खास इसलिए रही क्योंकि उन्होंने खुद को सुरक्षा घेरों और प्रोटोकॉल से बिल्कुल अलग रखा।
लोगों से मुख्यमंत्री का सहज संवाद — फिट राजस्थान का संदेश
मुख्यमंत्री के मॉर्निंग वॉक का उद्देश्य सिर्फ व्यक्तिगत दिनचर्या नहीं है, बल्कि फिट राजस्थान अभियान को बढ़ावा देना भी है। वॉक के दौरान वे पार्क में आए लोगों के बीच रुके, बातचीत की और हालचाल पूछा। लोगों के अनुसार मुख्यमंत्री ने किसी औपचारिकता या पद की दूरी महसूस नहीं होने दी और बिल्कुल सामान्य नागरिक की तरह संवाद स्थापित किया। कई लोगों ने बताया कि मुख्यमंत्री का यह बर्ताव उन्हें बहुत प्रेरित करता है।
पुराने साथियों और परिचितों से मुलाकात
जवाहर सर्किल पर मॉर्निंग वॉक के दौरान मुख्यमंत्री के कई पुराने साथी और परिचित भी मिले, जो वर्षों से उन्हें यहां टहलते हुए देखते रहे हैं। उनके साथ चलने वाले लोगों ने पुराने दिनों को याद किया और उनके साथ कुछ दूरी तक वॉक भी की। इस दौरान कई भाजपा पदाधिकारी भी अनौपचारिक रूप से पहुंच गए और सीएम के साथ कदम मिलाकर सैर की। भूपेंद्र सैनी, एकता अग्रवाल, पूर्व डिप्टी मेयर पुनीत कर्णावट, भाजपा नेता लक्ष्मीकांत भारद्वाज, मनीषा सिंह, योगेश सिसोदिया, मनोज पांडे, पार्षद ओम स्वामी और नवरत्न नाननिया पार्क में मौजूद रहे।
दो छोटे बच्चों के लिए जूस पिलाया — भावुक हुए पिता
सुबह की वॉक के दौरान सबसे ज्यादा चर्चा एक मार्मिक पल की रही। भीड़ के पीछे खड़े एक व्यक्ति के साथ दो छोटे बच्चे मुख्यमंत्री को देखने की कोशिश कर रहे थे। मुख्यमंत्री उनके पास खुद गए और जूस की दुकान वाले को उस व्यक्ति और दोनों बच्चों के लिए जूस देने को कहा। बच्चे खुशी से जूस पीते रहे और पिता मुख्यमंत्री की सादगी देखकर भावुक हो गया। जूस विक्रेता ने बताया कि दो साल पहले भी मुख्यमंत्री अक्सर उसकी दुकान पर बैठकर जूस पिया करते थे और सामान्य बातचीत करते थे। इस दृश्य ने पार्क के माहौल में गर्मजोशी और आत्मीयता पैदा कर दी।
सादगी और सहजता बनी चर्चा का केंद्र
सीएम भजनलाल शर्मा का आज का अंदाज लोगों की चर्चा का केंद्र बना रहा। भीड़ में मौजूद लोग कहते सुने गए कि मुख्यमंत्री बनने के बाद भी उनमें बिल्कुल भी बदलाव नहीं आया है। वे पहले की तरह सहज, सरल और सामान्य नागरिकों की तरह व्यवहार करते हैं। बिना प्रोटोकॉल और बिना औपचारिकता के लोगों के बीच जाना जनता के साथ उनके संबंधों को और मजबूत बनाने का संकेत माना जा रहा है।


