मनीषा शर्मा, अजमेर। शहर में लोक निर्माण विभाग (PWD) के अधिशासी अभियंता (XEN) से मारपीट का मामला एक बार फिर तूल पकड़ता नजर आ रहा है। शनिवार शाम को PWD विभाग के अधिकारी, कर्मचारी, ठेकेदार और सेवानिवृत्त अधिकारी बड़ी संख्या में एकजुट होकर विरोध में उतर आए। विरोध का मुख्य कारण जिला प्रशासन के एडीएम सिटी द्वारा मीडिया को जारी किया गया वह बयान है, जिसमें घटना के लिए दोनों पक्षों की गलती बताई गई है। PWD अधिकारियों का कहना है कि इस बयान ने पूरे घटनाक्रम को गलत तरीके से प्रस्तुत किया है और इससे विभाग की छवि को नुकसान पहुंचा है। इसी को लेकर अब पेन डाउन हड़ताल की चेतावनी दी गई है।
समझौते के बाद भी नहीं थमा विवाद
पीड़ित XEN विपिन जिंदल ने बताया कि उनके साथ हुई मारपीट की घटना के बाद शुक्रवार रात जिला कलेक्ट्रेट में जिला प्रशासन की अगुवाई में दोनों पक्षों के बीच बातचीत हुई थी। इस बातचीत के बाद सहमति भी बन गई थी और मामला शांत होने की स्थिति में आ गया था। हालांकि, इसके बाद एडीएम सिटी की ओर से मीडिया को जारी बयान में यह कहा गया कि घटना में दोनों पक्षों की गलती रही, जिससे PWD महकमे में भारी नाराजगी फैल गई। जिंदल ने स्पष्ट किया कि विभाग की ओर से कोई गलती नहीं हुई थी और इस तरह का बयान पूरी तरह भ्रामक है।
ADM सिटी के बयान पर गंभीर आरोप
विपिन जिंदल ने एडीएम सिटी पर बयान में विरोधाभास का आरोप लगाते हुए कहा कि प्रशासन की ओर से जो तथ्य मीडिया को दिए गए, वे वास्तविक स्थिति से मेल नहीं खाते। उन्होंने कहा कि इस बयान के खिलाफ PWD के वर्तमान अधिकारी, कर्मचारी, ठेकेदार और रिटायर्ड इंजीनियर सभी एकजुट हैं। PWD महकमे का कहना है कि इस तरह के बयान से भविष्य में भी अधिकारियों की सुरक्षा पर सवाल खड़े होते हैं और इससे कार्यस्थल पर असुरक्षा का माहौल बनता है।
महिला इंजीनियरों की सुरक्षा को लेकर चिंता
PWD अधिकारियों ने इस पूरे घटनाक्रम के बाद इंजीनियरों की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता जताई है। विभाग का कहना है कि वर्तमान समय में PWD में बड़ी संख्या में महिला इंजीनियर कार्यरत हैं। यदि इस तरह की घटनाओं को हल्के में लिया गया, तो यह भविष्य में और गंभीर स्थिति पैदा कर सकता है। इसी को ध्यान में रखते हुए विभाग ने मांग की है कि इंजीनियरों की सुरक्षा के लिए ठोस और स्थायी इंतजाम किए जाएं, ताकि किसी भी अधिकारी या कर्मचारी के साथ इस तरह की घटना दोबारा न हो।
बार एसोसिएशन के बयान का भी खंडन
PWD अधिकारियों ने अजमेर जिला बार एसोसिएशन के सचिव द्वारा दिए गए उस बयान का भी कड़ा विरोध किया है, जिसमें मारपीट की घटना से इनकार किया गया था। विपिन जिंदल ने कहा कि उनके पास पूरी घटना के वीडियो सबूत मौजूद हैं, जिनमें मारपीट स्पष्ट रूप से देखी जा सकती है। PWD अधिकारियों का कहना है कि जब साक्ष्य मौजूद हैं, तब इस तरह के बयान न केवल पीड़ित के साथ अन्याय हैं, बल्कि प्रशासनिक व्यवस्था पर भी सवाल खड़े करते हैं।
सोमवार को कलेक्टर से मिलेंगे, सौंपेंगे ज्ञापन
PWD अधिकारियों और कर्मचारियों ने ऐलान किया है कि सोमवार को सभी विभागीय अधिकारी जिला कलेक्टर लोकबंधु से मुलाकात करेंगे और अपनी मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपेंगे। प्रमुख मांगों में एडीएम सिटी के बयान को सही तरीके से दोबारा जारी करना, दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और इंजीनियरों की सुरक्षा सुनिश्चित करना शामिल है। PWD अधिकारियों ने साफ कर दिया है कि यदि उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार नहीं किया गया, तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।
क्या है पूरा मामला
गौरतलब है कि शुक्रवार दोपहर अजमेर जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष योगेंद्र ओझा के नेतृत्व में अधिवक्ताओं ने कोर्ट के नए भवन के बाहर स्पीड ब्रेकर निर्माण की मांग को लेकर प्रदर्शन किया था। इसी दौरान मौके पर पहुंचे PWD के XEN विपिन जिंदल के साथ मारपीट की घटना हुई। इस घटना के बाद PWD विभाग के अधिकारी, कर्मचारी और ठेकेदार एकजुट हो गए थे। देर रात तक जिला कलेक्ट्रेट में दोनों पक्षों के बीच चली बातचीत के बाद सहमति बनी थी, लेकिन ADM के बयान के बाद मामला फिर से गरमा गया।


