मनीषा शर्मा। राजस्थान की राजनीति एक बार फिर गरमा गई है। पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत द्वारा भजनलाल शर्मा सरकार पर लगाए गए आरोपों के बाद अब बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने जोरदार पलटवार किया है। शनिवार को मीडिया से बातचीत करते हुए राठौड़ ने कहा कि अशोक गहलोत को अपनी गिरेबान में झांकने की आदत नहीं है। राजस्थान में जितने भी पाप और भ्रष्टाचार हुए हैं, वो उनकी ही सरकार के दौरान हुए। भजनलाल सरकार ने तो सिर्फ उन्हें उजागर कर साफ करने का काम किया है।
पेपर लीक कांग्रेस सरकार की देन
मदन राठौड़ ने सबसे गंभीर आरोप गहलोत सरकार पर पेपर लीक घोटालों को लेकर लगाए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार में लगातार युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ हुआ। प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक के मामले बार-बार सामने आए और लाखों युवाओं की मेहनत पर पानी फिरा। राठौड़ ने दावा किया कि भजनलाल शर्मा की सरकार बनने के बाद अब तक कोई पेपर लीक का मामला सामने नहीं आया।
उन्होंने यह भी कहा कि 2021 की सब-इंस्पेक्टर (SI) भर्ती प्रक्रिया में गड़बड़ियों की जांच उनकी ही सरकार ने करवाई। इस जांच में कई आरोपी गिरफ्तार हुए और जेल भेजे गए। यहां तक कि पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के अंगरक्षक (PSO) भी इस जांच में आरोपी पाए गए और गिरफ्तार किए गए। राठौड़ का कहना था कि अभी और भी लोगों की गिरफ्तारी होगी।
डोटासरा पर भी साधा निशाना
राठौड़ ने कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि डोटासरा लगातार बयानबाजी करते हैं, लेकिन सच्चाई यह है कि उनके कार्यकाल में ही बड़े अपराध हुए। ऐसे अपराधों में सीधे तौर पर डोटासरा भी शामिल माने जाएंगे। बीजेपी अध्यक्ष ने कहा कि जब उनकी ही सरकार में घोटाले और भ्रष्टाचार हुए हैं, तो अब उन पर बयानबाजी करना बेमानी है।
राजनीतिक नियुक्तियों और संगठन विस्तार पर स्पष्टीकरण
राजस्थान बीजेपी में हाल ही में वायरल हुई संगठनात्मक सूची को लेकर भी मदन राठौड़ ने सफाई दी। उन्होंने कहा कि जो सूची सोशल मीडिया पर वायरल हुई थी, वह मात्र एक प्रपोज़ लिस्ट थी। पार्टी में बड़े नेताओं से सुझाव मांगे जाते हैं और वे अपनी ओर से प्रस्तावित नाम भेजते हैं। उन सभी सुझावों को मिलाकर ही अंतिम सूची तैयार की जाती है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि बहुत जल्द ही संगठन की नई टीम का ऐलान कर दिया जाएगा और इसमें सभी वर्गों का ध्यान रखा जाएगा।
साथ ही, राठौड़ ने राजनीतिक नियुक्तियों को लेकर भी कहा कि इस दिशा में तेजी से काम चल रहा है और कुछ ही दिनों में सभी नियुक्तियां पूरी कर दी जाएंगी।
जातीय बोर्ड बंद करने के आरोपों पर जवाब
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने हाल ही में आरोप लगाया था कि भजनलाल सरकार जातीय बोर्ड और आयोगों को बंद करने की दिशा में काम कर रही है। इस पर जवाब देते हुए राठौड़ ने साफ किया कि किसी भी बोर्ड को बंद करने का कोई इरादा नहीं है। उन्होंने कहा कि सभी राजनीतिक नियुक्तियां समय पर की जाएंगी और संवैधानिक पदों पर नियुक्त व्यक्ति अपने कार्यकाल की अवधि तक ही पद पर रहेंगे।
राठौड़ ने यह भी कहा कि संवैधानिक पदों से समय से पहले हटाने का काम केवल कांग्रेस सरकार में ही हो सकता था। बीजेपी लोकतांत्रिक तरीके से काम करती है और किसी भी संवैधानिक परंपरा को तोड़ने की नीति उनकी नहीं है।
“सरकार गिराना कांग्रेस की आदत”
मदन राठौड़ ने कांग्रेस पर तीखा तंज कसते हुए कहा कि सरकार गिराने की राजनीति कांग्रेस का पुराना तरीका रहा है। राजस्थान ही नहीं बल्कि पूरे देश में कांग्रेस ने विचारधारा और लोकतंत्र को ताक पर रखकर सरकारें गिराने का काम किया। उन्होंने कहा कि बीजेपी लोकतांत्रिक मूल्यों का सम्मान करती है और चुनी हुई सरकार को गिराने की परंपरा में विश्वास नहीं रखती।
गहलोत पर सीधा प्रहार
मीडिया से बातचीत में राठौड़ ने कहा कि अशोक गहलोत हर बार बीजेपी पर आरोप लगाने से पहले अपनी सरकार के कार्यकाल को देखें। उन्होंने कहा कि राजस्थान में जितने भी भ्रष्टाचार और घोटाले हुए, उनका इतिहास गहलोत सरकार से ही जुड़ा है। पेपर लीक, बेरोजगारी, भ्रष्टाचार और युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ जैसी घटनाएं कांग्रेस के शासन में हुईं।
राठौड़ ने कहा कि गहलोत सरकार में कोई ठोस कदम नहीं उठाए गए, बल्कि आरोपियों को संरक्षण दिया गया। वहीं भजनलाल शर्मा सरकार ने भ्रष्टाचारियों पर कार्रवाई शुरू कर यह साबित कर दिया कि वह युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शने वाली नहीं है।