शिव विधानसभा क्षेत्र के विधायक रविंद्र सिंह भाटी और भाजपा नेता स्वरूप सिंह खारा के बीच चल रही बयानबाजी अब और तेज हो गई है। गुरुवार को स्वरूप सिंह खारा स्थानीय लोगों के साथ जिला कलेक्ट्रेट पहुंचे थे। वे राष्ट्रपति अवॉर्ड से जुड़े एक मामले को लेकर प्रशासनिक अधिकारियों का धन्यवाद करने आए थे। इसी दौरान मीडिया से बातचीत में उन्होंने शिव विधायक रविंद्र सिंह भाटी पर तीखा हमला बोला।
समर्थित होने के सवाल पर बोले– जयपुर जाकर पूछिए
मीडिया द्वारा जब यह सवाल किया गया कि क्या शिव विधायक भाजपा समर्थित हैं, तो खारा ने जवाब दिया कि इसका फैसला पार्टी स्तर पर होगा। उन्होंने कहा कि अगर किसी को यह जानना है कि भाटी भाजपा समर्थित हैं या नहीं, तो पार्टी कार्यालय जाकर जयपुर में पूछना चाहिए।
तीन पीढ़ियों से कांग्रेस से जुड़ा परिवार
स्वरूप सिंह खारा ने दावा किया कि रविंद्र सिंह भाटी का पूरा परिवार तीन पीढ़ियों से कांग्रेस से जुड़ा रहा है। उन्होंने कहा कि भाटी के दादा कांग्रेस से प्रधान रहे, चाचा कांग्रेस के डेलीगेट रहे और पूरा परिवार लंबे समय तक कांग्रेस की राजनीति में सक्रिय रहा है। खारा ने कहा कि आजादी से लेकर अब तक उनका परिवार कभी भाजपा से नहीं जुड़ा, ऐसे में भाजपा से उनके रिश्ते पर सवाल उठना स्वाभाविक है।
भाजपा जॉइन करने को बताया पांच दिन का खेल
भाटी के भाजपा जॉइन करने के सवाल पर खारा ने तंज कसते हुए कहा कि यह केवल पांच दिन का खेल था। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा का दुपट्टा पहनने के बाद उसे गुड़गांव हाईवे पर बबूल की झाड़ियों में फेंक दिया गया। खारा के अनुसार यह कोई स्थायी राजनीतिक जुड़ाव नहीं था, बल्कि केवल कुछ दिनों की राजनीतिक रणनीति थी।
विधायक के साथ सांसद पर भी साधा निशाना
स्वरूप सिंह खारा ने इस दौरान नागौर सांसद उम्मेदाराम बेनीवाल को भी आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि विधायक भाटी और सांसद बेनीवाल सरकार और प्रशासन के हर काम में रोड़ा अटकाने का काम कर रहे हैं। खारा का आरोप था कि ये नेता सरकार के अच्छे कामों की सराहना करने के बजाय सिर्फ आलोचना करने में लगे रहते हैं।
भजनलाल सरकार के काम गिनाए
खारा ने कहा कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने अपने कार्यकाल के दो साल में ही पिछले पांच सालों के लगभग 70 प्रतिशत काम पूरे कर दिए हैं। उन्होंने इसे राजस्थान के प्रशासनिक इतिहास की बड़ी उपलब्धि बताया। खारा के अनुसार जिले में प्रशासनिक अधिकारी बेहतर काम कर रहे हैं और ऐसे कार्यों की सार्वजनिक सराहना होनी चाहिए।
सड़क विवाद और ठेकेदार के व्यवहार की निंदा
सड़क निर्माण को लेकर ग्रामीणों और ठेकेदार के बीच हुए विवाद पर भी खारा ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि सड़कें आम जनता के लिए होती हैं और गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं होना चाहिए। जिस ठेकेदार ने विधायक का नाम लेकर बुजुर्गों को धमकाया और अमर्यादित भाषा का प्रयोग किया, उसकी उन्होंने कड़ी निंदा की और कहा कि इस तरह के व्यवहार को किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।


