राजस्थान की राजधानी जयपुर के लिए 15 जनवरी का दिन इस बार ऐतिहासिक और अनोखा साबित होने जा रहा है। एक ओर जहां गुलाबी नगर आर्मी डे परेड के जरिए भारतीय सेना के शौर्य, पराक्रम और आधुनिक सैन्य शक्ति का साक्षी बनेगा, वहीं दूसरी ओर इसी दिन से दुनिया भर में चर्चित जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल (JLF) 2026 का शुभारंभ होगा। बंदूकों और टैंकों की गूंज के साथ किताबों और कविताओं की आवाज़ एक ही दिन जयपुर को एक अलग ही पहचान देगी।
जगतपुरा में दिखेगा सेना का पराक्रम
15 जनवरी को सेना दिवस समारोह जगतपुरा स्थित महल रोड पर आयोजित किया जाएगा। इस परेड में थल सेना और वायु सेना की संयुक्त शक्ति का प्रदर्शन होगा। आधुनिक हथियार, सैन्य वाहन, टैंक और हेलिकॉप्टर भारतीय सेना की तकनीकी दक्षता को प्रदर्शित करेंगे। अनुशासन, साहस और युद्ध कौशल की झलक देखने के लिए न सिर्फ जयपुर, बल्कि आसपास के कई जिलों से भी बड़ी संख्या में लोग पहुंचने की संभावना है।
हर आयु वर्ग में सेना दिवस को लेकर उत्साह
सेना दिवस परेड को लेकर शहर में हर आयु वर्ग के लोगों में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। युवा वर्ग जहां आधुनिक सैन्य तकनीक और साहसिक प्रदर्शन को लेकर उत्साहित है, वहीं बुजुर्गों और बच्चों में भी सेना को करीब से देखने की उत्सुकता बनी हुई है। इस आयोजन को देखने के लिए लोग पहले से ही अपनी तैयारियों में जुटे हुए हैं।
इसी दिन से शुरू होगा जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल 2026
सेना दिवस के साथ ही 15 जनवरी को एक होटल में जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल 2026 का भी आगाज होगा। यह साहित्य का महाकुंभ पांच दिनों तक चलेगा। इस फेस्टिवल में देश और विदेश के नामचीन लेखक, कवि, विचारक, पत्रकार और बुद्धिजीवी शिरकत करेंगे। साहित्य, समकालीन मुद्दों, राजनीति, समाज, संस्कृति और वैश्विक विषयों पर गहन चर्चा होगी।
साहित्य प्रेमियों में जबरदस्त उत्साह
जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल को लेकर साहित्य प्रेमियों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिलता है। हर आयु वर्ग के लोग इस आयोजन में हिस्सा लेते हैं। छात्र, लेखक, शोधार्थी और पाठक बड़ी संख्या में जयपुर पहुंचते हैं। फेस्टिवल के दौरान शहर के होटल, पर्यटन स्थल और बाजारों में भी रौनक बढ़ जाती है।
प्रशासन और पुलिस के सामने बड़ी चुनौती
15 जनवरी को एक ही दिन दो बड़े राष्ट्रीय स्तर के आयोजन होने से प्रशासन और पुलिस के सामने बड़ी चुनौती खड़ी हो गई है। दोनों आयोजनों में भारी भीड़ जुटने की संभावना है। ऐसे में ट्रैफिक व्यवस्था, पार्किंग और सुरक्षा प्रबंधन को लेकर विशेष रणनीति बनाई गई है। शहर के कई प्रमुख मार्गों पर ट्रैफिक दबाव बढ़ने की आशंका है।
सुरक्षा और ट्रैफिक के लिए विशेष इंतजाम
प्रशासन की ओर से दोनों आयोजनों को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा और ट्रैफिक के विशेष इंतजाम किए गए हैं। आर्मी डे परेड दोपहर तक संपन्न हो जाएगी, जबकि जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल का उद्घाटन सत्र इसी दिन आयोजित होगा। दोनों कार्यक्रमों के समय और स्थान को ध्यान में रखते हुए पुलिस बल की अतिरिक्त तैनाती की जा रही है।
अतिरिक्त पुलिस आयुक्त ने दी जानकारी
अतिरिक्त पुलिस आयुक्त योगेश दाधीच ने बताया कि दोनों आयोजनों को लेकर ट्रैफिक डायवर्जन, सुरक्षा जांच और भीड़ नियंत्रण की पूरी योजना तैयार की गई है। आमजन और बाहर से आने वाले लोगों को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए पुलिस और प्रशासन मिलकर काम कर रहे हैं।
जयपुर को मिलेगा यादगार अनुभव
देशभक्ति और साहित्य के इस अद्भुत संगम से जयपुर को एक यादगार पहचान मिलने वाली है। 15 जनवरी को गुलाबी नगर एक ओर रणबांकुरों की धरती के रूप में सेना के शौर्य का गवाह बनेगा, तो दूसरी ओर विचारों, शब्दों और कल्पनाओं के संसार में साहित्य प्रेमियों का स्वागत करेगा। यह दिन जयपुर के इतिहास में लंबे समय तक याद रखा जाएगा।


