राजस्थान में सरकारी शिक्षक भर्ती की तैयारी कर रहे लाखों अभ्यर्थियों के लिए बड़ी खबर सामने आई है। Rajasthan Public Service Commission (RPSC) ने वरिष्ठ अध्यापक (माध्यमिक शिक्षा विभाग) प्रतियोगी परीक्षा-2025 का विस्तृत परीक्षा कार्यक्रम जारी कर दिया है। आयोग द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार परीक्षा का आयोजन 12 जुलाई से 18 जुलाई 2026 तक किया जाएगा। परीक्षा तिथियों की घोषणा के बाद अब अभ्यर्थियों के बीच तैयारी को लेकर स्पष्टता आ गई है और उम्मीदवार अपनी रणनीति को अंतिम रूप देने में जुट गए हैं।
आयोग ने परीक्षा के सुचारु और व्यवस्थित संचालन के लिए सभी विषयों को चार अलग-अलग ग्रुप—ए, बी, सी और डी—में विभाजित किया है। प्रत्येक ग्रुप के लिए सामान्य ज्ञान का पेपर अलग दिन आयोजित किया जाएगा, जबकि विषयवार परीक्षा उसी दिन या अगले दिन आयोजित होगी। आयोग का उद्देश्य परीक्षा प्रक्रिया को सुव्यवस्थित तरीके से संपन्न कराना और अभ्यर्थियों को विषयवार तैयारी के लिए पर्याप्त स्पष्टता देना है।
ग्रुप-ए में सोशल साइंस विषय को शामिल किया गया है। इस ग्रुप के अभ्यर्थियों के लिए 12 जुलाई 2026 को सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक सामान्य ज्ञान की परीक्षा आयोजित की जाएगी। इसके बाद उसी दिन दोपहर 3 बजे से शाम 5:30 बजे तक सोशल साइंस विषय का मुख्य पेपर होगा। सामाजिक विज्ञान विषय लंबे समय से अभ्यर्थियों के बीच लोकप्रिय रहा है और इस बार भी बड़ी संख्या में उम्मीदवार इस विषय के लिए परीक्षा में शामिल होने वाले हैं।
ग्रुप-बी में हिंदी विषय रखा गया है। हिंदी विषय के अभ्यर्थियों की सामान्य ज्ञान परीक्षा 13 जुलाई को सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक आयोजित होगी। इसके बाद दोपहर 3 बजे से शाम 5:30 बजे तक हिंदी विषय की परीक्षा ली जाएगी। हिंदी विषय में इस भर्ती के तहत 1052 पद निर्धारित किए गए हैं, जिसके चलते प्रतियोगिता काफी कड़ी रहने की संभावना है।
ग्रुप-सी में विज्ञान और संस्कृत विषयों को शामिल किया गया है। इन विषयों के अभ्यर्थियों के लिए सामान्य ज्ञान की परीक्षा 14 जुलाई को सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक आयोजित होगी। विज्ञान विषय की परीक्षा उसी दिन दोपहर 3 बजे से शाम 5:30 बजे तक आयोजित की जाएगी। वहीं संस्कृत विषय की परीक्षा अगले दिन यानी 15 जुलाई को सुबह 10 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक होगी। संस्कृत विषय में कुल 940 पद निर्धारित किए गए हैं, जबकि विज्ञान विषय में 1355 पदों पर भर्ती की जाएगी। विज्ञान विषय में सर्वाधिक प्रतिस्पर्धा रहने की संभावना जताई जा रही है क्योंकि इस विषय में बड़ी संख्या में अभ्यर्थी आवेदन करते हैं।
ग्रुप-डी में गणित, अंग्रेजी, उर्दू, पंजाबी, सिंधी और गुजराती विषयों को रखा गया है। इन सभी विषयों के अभ्यर्थियों की सामान्य ज्ञान परीक्षा 16 जुलाई को सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक आयोजित होगी। इसके बाद गणित विषय का पेपर दोपहर 3 बजे से शाम 5:30 बजे तक होगा। अंग्रेजी विषय की परीक्षा 17 जुलाई को सुबह 10 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक आयोजित की जाएगी, जबकि उर्दू विषय का पेपर उसी दिन दोपहर 3 बजे से शाम 5:30 बजे तक होगा। 18 जुलाई को पंजाबी विषय की परीक्षा सुबह 10 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक और सिंधी तथा गुजराती विषय की परीक्षा दोपहर 3 बजे से शाम 5:30 बजे तक आयोजित होगी।
इस भर्ती अभियान के माध्यम से कुल 6500 वरिष्ठ अध्यापकों की नियुक्ति की जाएगी। विषयवार पदों की बात करें तो गणित विषय में सबसे अधिक 1385 पद निर्धारित किए गए हैं। इसके अलावा विज्ञान के 1355, अंग्रेजी के 1305, हिंदी के 1052 और संस्कृत के 940 पद शामिल हैं। सामाजिक विज्ञान के लिए 401 पद निर्धारित किए गए हैं। वहीं उर्दू के 48, पंजाबी के 11, सिंधी के 2 और गुजराती विषय के लिए 1 पद रखा गया है। बड़ी संख्या में पद होने के कारण यह भर्ती राजस्थान की सबसे महत्वपूर्ण शिक्षक भर्तियों में से एक मानी जा रही है।
राजस्थान में लंबे समय से शिक्षक भर्ती का इंतजार कर रहे अभ्यर्थियों के लिए यह परीक्षा बेहद अहम मानी जा रही है। लाखों युवा पिछले कई महीनों से परीक्षा कार्यक्रम जारी होने का इंतजार कर रहे थे। अब आयोग द्वारा तिथियों की घोषणा के बाद अभ्यर्थियों ने अपनी तैयारी को और तेज कर दिया है। प्रतियोगी परीक्षाओं के विशेषज्ञों का मानना है कि परीक्षा में सामान्य ज्ञान और विषय आधारित गहन तैयारी दोनों ही निर्णायक भूमिका निभाएंगी।
आयोग ने अभ्यर्थियों को सलाह दी है कि वे परीक्षा तिथियों के अनुसार अपनी तैयारी की रणनीति बनाएं और समय-समय पर आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर जारी होने वाले निर्देशों पर नजर बनाए रखें। एडमिट कार्ड, परीक्षा केंद्र और अन्य दिशा-निर्देशों से संबंधित जानकारी भी जल्द जारी की जाएगी। आयोग ने यह भी स्पष्ट किया है कि परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा और पारदर्शिता के सभी मानकों का पालन किया जाएगा।
राजस्थान में शिक्षा विभाग की यह भर्ती न केवल बेरोजगार युवाओं के लिए रोजगार का बड़ा अवसर है, बल्कि माध्यमिक शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। राज्य के सरकारी स्कूलों में लंबे समय से शिक्षकों के खाली पदों के कारण पढ़ाई प्रभावित हो रही थी। ऐसे में 6500 पदों पर होने वाली नियुक्तियां शिक्षा व्यवस्था को नई मजबूती देने में अहम भूमिका निभा सकती हैं।
परीक्षा कार्यक्रम जारी होने के बाद अब प्रतियोगी छात्रों के बीच तैयारी को लेकर उत्साह बढ़ गया है। कोचिंग संस्थानों और ऑनलाइन शिक्षा प्लेटफॉर्म्स पर भी तैयारी का माहौल तेज हो गया है। अभ्यर्थी अब अंतिम चरण की तैयारी में जुट गए हैं ताकि इस बड़ी भर्ती परीक्षा में सफलता हासिल कर सरकारी शिक्षक बनने का सपना पूरा कर सकें।


