अजमेर में सोमवार रात एक दर्दनाक सड़क हादसे ने लोगों को झकझोर कर रख दिया। पुष्कर से अजमेर की ओर आ रही तेज रफ्तार फॉर्च्यूनर कार ने पुष्कर घाटी क्षेत्र में एक के बाद एक तीन बाइकों को टक्कर मार दी। हादसा इतना भयानक था कि कार कुछ बाइक सवार युवकों को काफी दूर तक घसीटती हुई ले गई। इस दुर्घटना में एक युवक की मौत हो गई, जबकि कई अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और मौके पर बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए।
जानकारी के अनुसार यह हादसा सोमवार रात करीब 9:45 बजे पुष्कर थाना क्षेत्र में हुआ। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि फॉर्च्यूनर कार काफी तेज गति में थी और अचानक नियंत्रण खो बैठी। इसके बाद कार ने सड़क पर चल रही तीन बाइकों को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि बाइक सवार सड़क पर दूर तक उछल गए। कुछ युवकों को कार घसीटते हुए भी ले गई, जिससे उनकी हालत गंभीर हो गई।
हादसे में जान गंवाने वाले युवक की पहचान रवि के रूप में हुई है, जो अजमेर के धौलाभाटा इलाके का रहने वाला था। रवि पेंटिंग का काम करता था और घटना के समय अपने बहनोई जितेंद्र उर्फ सोनू के साथ बाइक पर सवार होकर जा रहा था। हादसे में जितेंद्र भी घायल हो गया। रवि की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। बताया जा रहा है कि रवि के पिता किशोर कुमार रेलवे से सेवानिवृत्त कर्मचारी हैं। परिवार में रवि की चार बहनें हैं, जिनमें से दो की शादी हो चुकी है। घर के कमाऊ सदस्य की अचानक मौत से परिवार गहरे सदमे में है।
इस दुर्घटना में दूसरी बाइक पर सवार अजमेर के शास्त्री नगर निवासी रोहित और उनके चाचा मधुसूदन वैष्णव भी घायल हुए हैं। दोनों को गंभीर चोटें आई हैं और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। वहीं तीसरी बाइक पर सवार युवक भी घायल हुआ, लेकिन वह अस्पताल से बिना औपचारिक एंट्री करवाए ही वहां से चला गया। पुलिस उसकी तलाश में जुटी हुई है ताकि घटना से जुड़ी पूरी जानकारी सामने लाई जा सके।
हादसे के बाद सबसे ज्यादा चर्चा उस फॉर्च्यूनर कार को लेकर हो रही है, जो कथित तौर पर खाटू श्याम मंदिर सेवा समिति के नाम पर रजिस्टर्ड बताई जा रही है। मौके से जो वीडियो सामने आया है, उसमें समिति से जुड़े सदस्य दिग्विजय सिंह घायल हालत में दिखाई दे रहे हैं। हालांकि पुलिस इस मामले में अभी खुलकर कुछ भी कहने से बच रही है। इससे लोगों के बीच कई सवाल खड़े हो रहे हैं।
पुलिस जांच के दौरान कार से शराब की बोतलों से भरा एक कार्टन भी बरामद हुआ है। इतना ही नहीं, कार की सीट पर एक खुली हुई शराब की बोतल भी मिली। इसके बाद यह आशंका और मजबूत हो गई है कि दुर्घटना के समय चालक नशे की हालत में हो सकता है। पुलिस ने शराब की बोतलों को जब्त कर लिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। सूत्रों के मुताबिक जिस फॉर्च्यूनर कार से हादसा हुआ, उस पर पहले से ओवरस्पीडिंग के कई चालान भी लंबित हैं। बताया जा रहा है कि वाहन पर करीब नौ ट्रैफिक चालान पेंडिंग चल रहे थे। इससे यह सवाल भी उठ रहा है कि बार-बार नियम तोड़ने के बावजूद वाहन पर सख्त कार्रवाई क्यों नहीं की गई।
घटना के बाद स्थानीय लोगों में पुलिस प्रशासन को लेकर नाराजगी भी देखने को मिली। लोगों का कहना है कि इतने गंभीर हादसे के बावजूद पुलिस मामले में स्पष्ट जानकारी देने से बच रही है। जब मीडिया ने पुष्कर थाना प्रभारी विक्रम सिंह से संपर्क करने की कोशिश की तो उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया। वहीं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ग्रामीण डॉ. लालचंद ने केवल इतना कहा कि वाहन किसके नाम पर रजिस्टर्ड है, इसकी जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस अधिकारियों के इस जवाब पर भी सवाल उठ रहे हैं, क्योंकि घटना के कई घंटे बाद भी वाहन के मालिक की स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आ पाई।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि पुलिस और प्रशासन सड़क सुरक्षा नियमों को लेकर पहले से सख्ती बरतते, तो शायद यह हादसा टाला जा सकता था। ओवरस्पीडिंग और नशे में ड्राइविंग जैसी घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं, लेकिन इनके खिलाफ प्रभावी कार्रवाई कम दिखाई देती है। लोगों ने मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और यदि चालक नशे में पाया जाता है तो उसके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए।
इस हादसे ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा और ट्रैफिक नियमों के पालन को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। तेज रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाना न केवल चालक बल्कि सड़क पर चल रहे अन्य लोगों की जिंदगी के लिए भी बड़ा खतरा बनता जा रहा है। खासतौर पर धार्मिक और सामाजिक संस्थाओं से जुड़े वाहनों के मामले में पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग भी तेज हो गई है।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है। हादसे से जुड़े वीडियो, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और बरामद शराब की बोतलों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा रही है। वहीं मृतक रवि के परिवार को न्याय मिलने की उम्मीद है और स्थानीय लोग भी इस मामले में सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।


