राजस्थान में एक बार फिर मौसम ने करवट ली है और प्रदेशभर में इसका असर साफ तौर पर देखने को मिल रहा है। गुरुवार को राजधानी जयपुर में हल्की बूंदाबांदी दर्ज की गई, जबकि अन्य कई जिलों में दिनभर बादल छाए रहे। कुछ स्थानों पर झमाझम बारिश होने से तापमान में गिरावट आई और मौसम सुहावना हो गया। मौसम में आए इस बदलाव के बीच मौसम विभाग के जयपुर केंद्र ने तात्कालिक चेतावनी जारी करते हुए आमजन को सतर्क रहने की सलाह दी है। विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश, मेघगर्जन और तेज हवाओं की गतिविधियां जारी रह सकती हैं।
इन संभागों में बारिश की संभावना
मौसम विभाग के अनुसार 20 मार्च को अजमेर, जयपुर, भरतपुर और कोटा संभाग के कुछ क्षेत्रों में मेघगर्जन के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। इस दौरान कई स्थानों पर तेज हवाएं भी चल सकती हैं। वहीं जोधपुर, बीकानेर और उदयपुर संभाग के अधिकांश हिस्सों में मौसम अपेक्षाकृत शुष्क रहने के आसार हैं। हालांकि बादलों की आवाजाही बनी रह सकती है, जिससे तापमान में हल्की गिरावट देखने को मिल सकती है।
21 मार्च को पूरे प्रदेश में मौसम सामान्य और शुष्क रहने का अनुमान जताया गया है, लेकिन इसके अगले दिन यानी 22 मार्च को फिर से मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है। खासतौर पर बीकानेर संभाग और शेखावाटी क्षेत्र के कुछ जिलों में हल्की बारिश की संभावना व्यक्त की गई है।
तात्कालिक चेतावनी में कई जिलों का नाम
मौसम विभाग ने अगले दो घंटों के लिए तात्कालिक चेतावनी जारी करते हुए कई जिलों में अचानक मौसम बदलने की आशंका जताई है। विभाग के अनुसार जयपुर, अजमेर, अलवर, टोंक, सवाई माधोपुर, नागौर, भरतपुर, पाली, डूंगरपुर, भीलवाड़ा, बांसवाड़ा, प्रतापगढ़, उदयपुर, झालावाड़ और हनुमानगढ़ सहित कई जिलों में मेघगर्जन, बारिश और तेज हवाएं चल सकती हैं।
इन क्षेत्रों में 20 से 30 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना है। साथ ही कुछ स्थानों पर आकाशीय बिजली गिरने का भी खतरा जताया गया है, जिससे लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। मौसम विभाग ने विशेष रूप से खुले स्थानों पर रहने वाले लोगों और किसानों को सावधानी बरतने के निर्देश दिए हैं।
दो सप्ताह का पूर्वानुमान
मौसम विभाग ने 20 मार्च से 2 अप्रैल 2026 तक का विस्तृत पूर्वानुमान जारी किया है। इसके अनुसार पहले सप्ताह में प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में सामान्य से अधिक वर्षा होने की संभावना है। दूसरे सप्ताह में भी कई क्षेत्रों में सामान्य से ज्यादा बारिश दर्ज की जा सकती है। इस दौरान पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय रहने के कारण मौसम में लगातार बदलाव बना रहेगा। विशेषज्ञों का मानना है कि इस प्रकार की बारिश से जहां एक ओर तापमान नियंत्रित रहेगा, वहीं दूसरी ओर वातावरण में नमी बढ़ने से मौसम अधिक सुहावना बना रहेगा।
तापमान में आएगी गिरावट
मौसम विभाग के अनुसार आगामी एक सप्ताह के दौरान प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में अधिकतम तापमान सामान्य से 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक कम रह सकता है। वहीं दूसरे सप्ताह में पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से तापमान में और गिरावट आने की संभावना है, जिससे अधिकतम तापमान सामान्य से 3 से 4 डिग्री नीचे रह सकता है। हालांकि न्यूनतम तापमान में ज्यादा बदलाव की संभावना नहीं है और यह सामान्य के आसपास बना रहेगा। तापमान में इस गिरावट के कारण प्रदेशवासियों को गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है, जो मार्च के महीने में आमतौर पर बढ़ने लगती है।
किसानों और आमजन के लिए राहत
बारिश और तापमान में गिरावट का असर किसानों के लिए सकारात्मक माना जा रहा है। फसलों के लिए यह बारिश फायदेमंद हो सकती है, खासतौर पर उन क्षेत्रों में जहां सिंचाई के संसाधन सीमित हैं। इसके अलावा आमजन को भी गर्मी से राहत मिलेगी और मौसम अधिक आरामदायक बना रहेगा। हालांकि तेज हवाओं और आकाशीय बिजली को देखते हुए सतर्कता बरतना जरूरी है।
कुल मिलाकर आने वाले दो सप्ताह राजस्थान में मौसम के लिहाज से काफी सक्रिय रहने वाले हैं। बीच-बीच में होने वाली बारिश और तापमान में गिरावट से जहां एक ओर राहत मिलेगी, वहीं दूसरी ओर लोगों को मौसम विभाग की चेतावनियों का पालन करते हुए सावधानी भी बरतनी होगी।


