राजस्थान की राजनीति में बुधवार को उस समय दिलचस्प और चर्चित दृश्य देखने को मिला, जब सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों को लेकर आम जनता को जागरूक करने वाले भाजपा विधायक बालमुकुंद आचार्य खुद कानून के उल्लंघन के आरोपों में घिर गए। जयपुर में ब्लैक शीशे वाली गाड़ी में सफर करने को लेकर उन पर सवाल उठे, जिस पर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने उन्हें सार्वजनिक रूप से टोकते हुए कानून का पाठ पढ़ा।
इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो भी सामने आया है, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में डोटासरा मजाकिया लेकिन तीखे अंदाज में भाजपा विधायक को यह कहते नजर आते हैं कि ब्लैक शीशे वाली गाड़ी में चलना कानून का उल्लंघन है।
जयपुर में आमने-सामने आए डोटासरा और बालमुकुंद आचार्य
दरअसल, जयपुर में हवामहल क्षेत्र से भाजपा विधायक बालमुकुंद आचार्य गुजर रहे थे। इसी दौरान उनकी मुलाकात राजस्थान कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा से हो गई। डोटासरा की नजर जब विधायक की गाड़ी के शीशों पर पड़ी काली फिल्म पर गई, तो उन्होंने गाड़ी रुकवाई और सीधे तौर पर इस पर आपत्ति जताई।
डोटासरा ने कहा, “बाबाजी, आप ब्लैक शीशे में चल रहे हो, यह कानून का उल्लंघन है।” यह टिप्पणी ऐसे समय में आई, जब बालमुकुंद आचार्य स्वयं विभिन्न मंचों से सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों के पालन की अपील करते रहे हैं।
वीडियो वायरल, सियासी चर्चा तेज
इस पूरी बातचीत का वीडियो सामने आने के बाद मामला राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बन गया। वीडियो में दोनों नेताओं के बीच हल्की-फुल्की बातचीत और बाद में गाड़ी से उतरकर एक-दूसरे का हालचाल पूछते हुए भी देखा जा सकता है। हालांकि, डोटासरा द्वारा की गई टिप्पणी को लेकर सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई है और विपक्ष ने इसे भाजपा पर हमला करने का मौका बना लिया है।
भाजपा विधायक की सफाई
मामला तूल पकड़ने के बाद भाजपा विधायक बालमुकुंद आचार्य ने इस पर सफाई दी। उन्होंने कहा कि जिस गाड़ी में वे सफर कर रहे थे, वह उनकी निजी गाड़ी नहीं थी। वे किसी परिचित की गाड़ी से वहां पहुंचे थे। उन्होंने यह भी कहा कि उनका किसी भी प्रकार से यातायात नियमों का उल्लंघन करने का इरादा नहीं था।
हालांकि, इस पूरे मामले में एक और बात ने लोगों का ध्यान खींचा। जिस गाड़ी पर ब्लैक शीशे होने का आरोप लगा, उसे पुलिस वाहन और हथियारबंद जवानों की एस्कॉर्ट मिलती हुई दिखाई दी। इस पर भी सवाल उठे कि यदि गाड़ी नियमों का उल्लंघन कर रही थी, तो उसे सुरक्षा एस्कॉर्ट कैसे दी जा रही थी।
एमएलए फंड में कमीशनखोरी पर भी बोले आचार्य
इसी दौरान भाजपा विधायक बालमुकुंद आचार्य ने विधायकों के एमएलए फंड में कमीशनखोरी के आरोपों पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि इस मामले में दोनों पक्षों से साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनकी जांच कर रिपोर्ट अध्यक्ष के समक्ष रखी जाएगी।
उन्होंने यह भी कहा कि बीएपी विधायक जयकृष्ण पटेल से जुड़े मामले में भी शिकायतकर्ताओं और संबंधित पक्षों से जुड़े साक्ष्यों की जांच की जा रही है। जयकृष्ण पटेल का क्या लिंक है और आरोपों की वास्तविकता क्या है, इसका अध्ययन किया जा रहा है।


