मनीषा शर्मा, अजमेर। राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) ने सहायक आचार्य (कॉलेज शिक्षा विभाग) परीक्षा-2025 के अंतर्गत प्रश्न पत्र तृतीय — जनरल स्टडीज ऑफ राजस्थान — की मॉडल आंसर-की जारी कर दी है। इस परीक्षा का आयोजन 7 दिसंबर 2025 को किया गया था और लंबे समय से उम्मीदवार इसकी आंसर-की का इंतजार कर रहे थे। आयोग ने स्पष्ट किया है कि यदि किसी अभ्यर्थी को किसी प्रश्न या उत्तर पर आपत्ति है, तो वह निर्धारित समय सीमा के भीतर ऑनलाइन आपत्ति दर्ज करा सकता है।
आयोग के अनुसार ऑनलाइन आपत्तियां 28 से 30 दिसंबर 2025 की मध्यरात्रि 12 बजे तक स्वीकार की जाएंगी। निर्धारित समय के बाद किसी भी प्रकार की आपत्ति पर विचार नहीं किया जाएगा। इस निर्णय के साथ आरपीएससी ने अभ्यर्थियों के लिए पारदर्शी और न्यायसंगत मूल्यांकन प्रक्रिया को दोबारा रेखांकित किया है।
वेबसाइट पर उपलब्ध मॉडल प्रश्न-पत्र और आंसर-की
आयोग के मुख्य परीक्षा नियंत्रक आशुतोष गुप्ता ने बताया कि मॉडल आंसर-की के साथ-साथ संबंधित मॉडल प्रश्न-पत्र भी आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध करा दिया गया है। उन्होंने कहा कि अभ्यर्थी अपनी आपत्तियां उसी क्रम के अनुसार दर्ज करें, जिस क्रम में प्रश्न आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध मॉडल पेपर में दिए गए हैं।
आरपीएससी ने यह भी स्पष्ट किया कि आपत्तियां केवल तभी विचार योग्य होंगी, जब वे प्रामाणिक पुस्तकों और संदर्भों के प्रमाण सहित प्रस्तुत की जाएंगी। यदि किसी आपत्ति के साथ प्रमाण संलग्न नहीं किया गया, तो वह आपत्ति स्वतः निरस्त मानी जाएगी। आयोग ने यह भी कहा कि आपत्तियां केवल संबंधित अभ्यर्थी ही दर्ज करा सकते हैं — किसी अन्य व्यक्ति द्वारा भेजी गई आपत्तियां स्वीकार नहीं होंगी।
ऑनलाइन आपत्ति प्रक्रिया: SSO पोर्टल से पूरी होगी पूरी कार्रवाई
आयोग ने आपत्तियां दर्ज कराने की प्रक्रिया को पूरी तरह ऑनलाइन रखा है। अभ्यर्थी अपने SSO आईडी से लॉगिन कर Recruitment Portal का चयन करेंगे। इसके बाद संबंधित परीक्षा के सामने उपलब्ध Question Objection लिंक पर क्लिक करके प्रश्नवार आपत्तियां दर्ज कर सकेंगे।
यह व्यवस्था इसलिए लागू की गई है ताकि प्रक्रिया पारदर्शी रहे, रिकॉर्ड सुरक्षित रहे और सभी आपत्तियों का व्यवस्थित तरीके से परीक्षण किया जा सके। आयोग ने स्पष्ट किया कि ऑफलाइन, पोस्ट, ईमेल या किसी अन्य माध्यम से भेजी गई आपत्तियां स्वीकार नहीं की जाएंगी।
प्रति प्रश्न 100 रुपए आपत्ति शुल्क, वापस नहीं होगा
आरपीएससी ने हर प्रश्न पर आपत्ति के लिए प्रति प्रश्न 100 रुपए (सेवा शुल्क अतिरिक्त) निर्धारित किया है। अभ्यर्थी यह शुल्क ई-मित्र कियोस्क के माध्यम से या सीधे भर्ती पोर्टल पर उपलब्ध पेमेंट गेटवे से जमा कर सकते हैं। महत्वपूर्ण बात यह है कि शुल्क वापस नहीं किया जाएगा, चाहे आपत्ति स्वीकार हो या न हो। इसलिए आयोग ने अभ्यर्थियों से अपील की है कि वे आपत्तियां दर्ज करने से पहले अच्छी तरह तथ्यों और प्रमाणों की जांच कर लें। यदि किसी प्रश्न पर आपत्ति के साथ शुल्क जमा नहीं किया गया, तो ऐसी आपत्ति पर विचार नहीं किया जाएगा। साथ ही, किसी भी प्रश्न पर एक ही बार आपत्ति स्वीकार की जाएगी — यानी लिंक बंद होने के बाद अतिरिक्त आपत्तियां दर्ज नहीं की जा सकेंगी।
अभ्यर्थियों के लिए अहम निर्देश
आयोग ने आपत्ति दर्ज करते समय कुछ नियमों का पालन अनिवार्य बताया है।
अभ्यर्थी को:
प्रश्न नंबर सही दर्ज करना होगा
प्रमाण के रूप में केवल स्टैंडर्ड ऑथेंटिक किताबें ही संलग्न करनी होंगी
पेज नंबर और संदर्भ स्पष्ट लिखना होगा
व्यक्तिगत व्याख्या या अनुमान आधारित आपत्तियां नहीं भेजनी होंगी
इन दिशानिर्देशों का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि केवल तार्किक और प्रमाण-आधारित आपत्तियों पर ही विचार किया जाए।
तकनीकी समस्या होने पर कहां संपर्क करें
ऑनलाइन आपत्ति दर्ज करते समय यदि किसी अभ्यर्थी को तकनीकी कठिनाई आती है, तो वह आयोग द्वारा उपलब्ध हेल्पडेस्क से संपर्क कर सकता है। अभ्यर्थी recruitmenthelpdesk@rajasthan.gov.in पर ईमेल भेज सकते हैं या फिर हेल्पलाइन नंबर 9352323625 और 7340557555 पर संपर्क कर सकते हैं। आयोग ने यह भी स्पष्ट किया कि तकनीकी समस्या के बावजूद अंतिम तिथि आगे नहीं बढ़ाई जाएगी, इसलिए अभ्यर्थियों को अंतिम समय का इंतजार नहीं करने की सलाह दी गई है।
पारदर्शिता और जवाबदेही की ओर कदम
RPSC द्वारा मॉडल आंसर-की जारी कर आपत्तियां आमंत्रित करना केवल परीक्षा प्रक्रिया का औपचारिक हिस्सा नहीं, बल्कि पारदर्शिता और उम्मीदवारों के प्रति जवाबदेही का संकेत भी माना जाता है। अक्सर उम्मीदवारों के मन में प्रश्नपत्र या उत्तरों को लेकर शंकाएं रहती हैं। ऐसे में आपत्ति तंत्र से उन्हें अपनी बात रखने का अवसर मिलता है।


