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किरोड़ी: “वसुंधरा हों या भजनलाल, आफत में मैं ही याद आता हूं”

किरोड़ी: “वसुंधरा हों या भजनलाल, आफत में मैं ही याद आता हूं”

मनीषा शर्मा। राजस्थान की राजनीति हमेशा से नेताओं की बेबाकी और उनके दिलचस्प बयानों के लिए जानी जाती है। सोमवार, 8 सितंबर को इसका एक और उदाहरण देखने को मिला जब राज्य सरकार के वरिष्ठ मंत्री किरोड़ी लाल मीणा ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की मौजूदगी में ऐसा बयान दिया कि वहां मौजूद लोग ठहाकों से गूंज उठे। जयपुर के बिड़ला ऑडिटोरियम में आयोजित राज्य स्तरीय मसाला क्रेता-विक्रेता सम्मेलन में मुख्यमंत्री और मंत्री दोनों मंच पर उपस्थित थे। इसी दौरान मीणा ने अपनी खास अंदाज वाली टिप्पणी दी, जिसने माहौल हल्का कर दिया।

“जहां आफत पड़े, तू भाग…”

अपने भाषण में किरोड़ी लाल मीणा ने कहा कि चाहे राज्य में वसुंधरा राजे की सरकार हो या मौजूदा भजनलाल शर्मा की सरकार, हर बार आपदा मंत्रालय उनके हिस्से में ही आया है। उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा—
“जहां बाढ़ पड़े, तू भाग… मकान गिरे, तू भाग… बिजली गिरे, तू जा… मतलब जहां आफत पड़े वहां मेरे को जाना पड़ता है।”

उनकी यह बात सुनकर सभा में मौजूद लोग हंसने लगे और मंच पर बैठे मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा भी अपनी हंसी नहीं रोक पाए।

वसुंधरा राजे से लेकर भजनलाल तक का अनुभव

किरोड़ी लाल मीणा ने याद दिलाया कि जब 2003 से 2008 तक वसुंधरा राजे मुख्यमंत्री थीं, तब भी उन्हें आपदा मंत्री बनाया गया था। और अब 22 साल बाद जब फिर से उन्हें मंत्री बनने का मौका मिला तो मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने भी उन्हें वही जिम्मेदारी सौंप दी। उन्होंने हल्के-फुल्के अंदाज में कहा कि शायद मुख्यमंत्री ने उनका पिछला काम देखकर ही यह जिम्मेदारी फिर से दी है।

वसुंधरा राजे की तारीफ

अपने संबोधन में मीणा ने पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे की कार्यशैली की भी खुलकर सराहना की। उन्होंने बताया कि एक बार वह जयपुर से सवाई माधोपुर जा रहे थे। रास्ते में लालसोट में उन्होंने एक चाय की थड़ी पर रुककर गांव के लोगों से बातचीत की। वहां ग्रामीणों ने बताया कि बिजली गिरने से एक व्यक्ति की मौत हो गई, जिसके पास केवल दो बकरियां थीं और वे भी मर गईं। अब उसकी पत्नी पूरी तरह असहाय हो चुकी थी।

किरोड़ी लाल मीणा ने तुरंत उस समय की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे को फोन किया। राजे ने बिना देर किए उस विधवा महिला को तत्काल 50 हजार रुपये की सहायता राशि दिलाने का प्रबंध कराया। मीणा ने इस उदाहरण को बताते हुए राजे की संवेदनशीलता और निर्णय लेने की क्षमता की तारीफ की।

सभा का माहौल और मुख्यमंत्री की प्रतिक्रिया

सभा में मौजूद लोगों के लिए यह क्षण बेहद रोचक था क्योंकि आमतौर पर मंत्रीगण अपने भाषणों में गंभीर बातें ही करते हैं। लेकिन किरोड़ी लाल मीणा अपनी साफगोई और व्यंग्यात्मक अंदाज के लिए हमेशा चर्चा में रहते हैं। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा भी जब यह बयान सुन रहे थे तो उनके चेहरे पर भी मुस्कान आ गई और उन्होंने खुले तौर पर ठहाका लगाया।

किरोड़ी लाल मीणा की राजनीतिक शैली

राजस्थान की राजनीति में किरोड़ी लाल मीणा को एक ऐसे नेता के तौर पर जाना जाता है जो अपनी बात बेझिझक कहते हैं। चाहे वह सरकार में हों या विपक्ष में, उन्होंने हमेशा अपने अंदाज से माहौल को हल्का करने और गंभीर मुद्दों को भी अलग ढंग से रखने की कोशिश की है। यही वजह है कि उनके बयानों पर मीडिया और जनता की खास नजर रहती है।

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