केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद बोले- चाइनीज ऐप बैन कर डिजिटल स्ट्राइक की; गलवान में हमारे 20 सैनिक शहीद हुए तो उनके दोगुने मारे गए

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संचार मंत्री रविशंकर प्रसाद ने चीन के 59 ऐप बैन करने के फैसले को डिजिटल स्ट्राइक बताया है। प्रसाद ने गुरुवार को कहा कि भारत शांति चाहता है, लेकिन कोई बुरी नजर डालेगा तो मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा। संचार मंत्री ने कहा कि इस वक्त सिर्फ 2 ‘सी’ यानी कोरोना और चीन चर्चा में हैं।वर्चुअल रैली के जरिए बंगाल की जनता को संबोधित करते हुए प्रसाद ने कहा कि 15 जून को गलवान में हमारे 20 जवान शहीद हुए तो चीन के दोगुने सैनिक मारे गए। आप जानते हैं कि उन्होंने मारे गए सैनिकों की संख्या तक नहीं बताई।’हमारी सरकार जवाब देना जानती है’प्रसाद ने उरी और पुलवामा में आतंकी हमले के बाद भारत की जवाबी कार्रवाई की याद दिलाई। उसे चीन की हरकतों से जोड़ते हुए बोले कि प्रधानमंत्री अगर कह रहे हैं कि हमारे जवानों की शहादत बेकार नहीं जाएगी, तो इसके मायने हैं। हमारी सरकार कर दिखाने की इच्छा रखती है।’देश के संकट मेंटीएमसी साथ क्यों नहीं देती’चीन के ऐप पर बैन लगाने के फैसले पर टीएमसी के विरोध पर भी प्रसाद ने सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि बंगाल में अलग ही रुख नजर आ रहा है। वहां की सत्ताधारी पार्टी टीएमसी पहले कहती थी कि चीन के ऐप पर रोक क्यों नहीं लगाते, लेकिन वेकह रहे हैं कि ऐसा क्यों किया? मैं पूछता चाहता हूं कि देश के संकट में वे सरकार का साथ क्यों नहीं देते?टीएमसी सांसद ने टिक टॉकपर बैन को गलत बतायाबॉर्डर पर चीन से तनाव को देखते हुए केंद्र सरकार ने सोमवार को चीन के ऐप्स पर बैन लगा दिया था। इस पर टीएमसी सांसद नुसरत जहां ने बुधवार को कहा,”केंद्र ने जल्दबाजी में फैसला लिया है। सरकार को टिक टॉक जैसे ऐप का विकल्प देना चाहिए, क्योंकि इन ऐप से जुड़े लोगों की जिंदगी पर असर पड़ेगा। लोग नोटबंदी की तरह परेशान हो जाएंगे।”चाइनीज ऐप पर बैन से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ सकते हैं…1.चीन के ऐप्स पर पाबंदी: टिक टॉक, यूसी ब्राउजर और शेयर इट समेत 59 चाइनीज ऐप्स पर बैन, सरकार ने कहा- ये देश की सुरक्षा और एकता के लिए खतरा2.तृणमूल सांसद नुसरत जहां ने कहा- बिना सोचे समझे किया गया टिक टॉक को बैन, लोग नोटबंदी की तरह परेशान हो जाएंगे
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प्रसाद ने उरी और पुलवामा हमले के बाद भारत की कार्रवाई याद दिलाते हुए कहा कि हम जवाब देने की इच्छा रखते हैं।

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